SEBI ने Axis Securities पर लगाया ₹10 लाख का जुर्माना, 45 दिन के अंदर भरने का आदेश

यह आदेश SEBI की ओर से अप्रैल 2021 से लेकर नवंबर 2022 तक की अवधि के लिए एक्सिस सिक्योरिटीज का इंस्पेक्शन करने के बाद आया है। SEBI ने पाया कि एक्सिस सिक्योरिटीज कई एरियाज में रेगुलेटरी प्रक्रियाओं का पालन करने में विफल रही

अपडेटेड Feb 23, 2025 पर 1:54 PM
Story continues below Advertisement
Axis Securities ने ग्राहकों की शिकायतों का उचित तरीके से समाधान भी नहीं किया।

कैपिटल मार्केट रेगुलेटर SEBI ने एक्सिस सिक्योरिटीज पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। यह जुर्माना स्टॉक ब्रोकर नियमों के साथ-साथ अन्य रेगुलेटरी मानदंडों का उल्लंघन करने के लिए लगाया गया है। SEBI ने एक आदेश में कहा कि ब्रोकरेज फर्म को 45 दिनों के अंदर जुर्माना भरना होगा। 82-पेज के आदेश में कहा गया है कि SEBI ने पाया कि एक्सिस सिक्योरिटीज कई एरियाज में रेगुलेटरी प्रक्रियाओं का पालन करने में विफल रही।

इनमें विसंगतियों यानि डिस्क्रेपन्सीज को रिपोर्ट करना और क्लाइंट फंड को सही तरीके से हैंडल नहीं किया जाना शामिल है। SEBI ने पाया कि एक्सिस सिक्योरिटीज के पास स्टॉक एक्सचेंजों को रिपोर्ट किए जाने वाले एनहैंस्ड सुपरविजन और स्टॉक स्टेटमेंट्स में, डिपॉजिटरी अकाउंट्स में वास्तविक होल्डिंग्स की तुलना में इनकंसिस्टेंसीज थीं।

प्रिफरेंस के अनुसार क्लाइंट के फंड और सिक्योरिटीज का सेटलमेंट नहीं


SEBI ने यह भी पाया कि एक्सिस सिक्योरिटीज ने क्लाइंट से हासिल प्रिफरेंस के अनुसार क्लाइंट के फंड और सिक्योरिटीज का सेटलमेंट नहीं किया। साथ ही अकाउंट डिटेल्स के साथ रिटेंशन स्टेटमेंट उपलब्ध कराने में भी ​विफल रही। इसके अलावा ब्रोकरेज फर्म ने अपफ्रंट/नॉन अपफ्रंट मार्जिन के कम कलेक्शन के लिए उस पर स्टॉक एक्सचेंजों द्वारा लगाए गए जुर्माने को अपने क्लाइंट को पास कर दिया। SEBI ने पाया कि ब्रोकरेज फर्म ने क्रेडिट बैलेंस वाले ग्राहकों की सिक्योरिटीज को "क्लाइंट अनपेड सिक्योरिटीज अकाउंट" में ट्रांसफर कर दिया था। साथ ही ग्राहकों की शिकायतों का उचित तरीके से समाधान नहीं किया।

FPI ने फरवरी में अब तक शेयरों से निकाले ₹23710 करोड़, 2025 में अभी से आउटफ्लो ₹1 लाख करोड़ के पार

इसके अलावा, SEBI ने राजनीतिक रूप से एक्सपोज्ड व्यक्तियों और मार्जिन ट्रेडिंग एक्सपोजर की रिपोर्टिंग में एक्सिस सिक्योरिटीज की ओर से कुछ विसंगतियां पाईं, जो कि स्वीकार्य सीमा से अधिक थीं। इसमें एक ग्राहक से मार्जिन कलेक्शन में कमी थी। इन सब कारणों के चलते SEBI ने एक्सिस सिक्योरिटीज पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया। यह आदेश SEBI की ओर से अप्रैल 2021 से लेकर नवंबर 2022 तक की अवधि के लिए एक्सिस सिक्योरिटीज का इंस्पेक्शन करने के बाद आया है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।