Shipwaves IPO Listing: मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्टेशन सर्विसेज मुहैया कराने वाली शिपवेव्स ऑनलाइन के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में फीकी एंट्री हुई। इसके आईपीओ को भी निवेशकों का खास रिस्पांस नहीं मिल पाया था। नॉन-इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर्स का हिस्सा तो पूरा भर भी नहीं पाया था। खुदरा निवेशकों के दम पर तो ओवरऑल इसे डेढ़ गुना से अधिक बोली मिली थी। आईपीओ के तहत ₹12 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE SME पर इसकी ₹12.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को कोई लिस्टिंग गेन नहीं मिला। आईपीओ निवेशकों को और झटका तब लगा जब शेयर टूट गए। टूटकर यह ₹11.40 (Shipwaves Share Price) के लोअर सर्किट पर आ गया और इसी पर बंद भी हुआ यानी कि पहले कारोबारी दिन की समाप्ति पर आईपीओ निवेशक 5.00% घाटे में हैं।
Shipwaves IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च
शिपवेव्स ऑनलाइन का ₹56.35 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 10-12 दिसंबर तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का मिला-जुला रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 1.64 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 0.36 गुना और खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित आधा हिस्सा 2.92 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत ₹1 की फेस वैल्यू वाले 4,69,60,000 नए शेयर जारी हुए हैं। इन शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹7.35 करोड़ एलएमएस में नई फीचर्स, नए प्रोडक्ट्स औ कोर्सेज और लैपटॉप की खरीदारी में, ₹5 करोड़ वर्किंग कैपिटल की जरूरतों और बाकी पैसे आम कॉरपोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।
वर्ष 2015 में बनी शिपवेव्स ऑनलाइन डिजिटल फ्रेट फारवर्डिंग और एंटरप्राइजेज SaaS (सॉफ्टवेयर-ऐज-अ-सर्विस) सॉल्यूशंस के बिजनेस में है। कंपनी शिपिंग और लॉजिस्टिक्स के लिए एक प्लेटफॉर्म मुहैया कराती है जहां जमीन, हवा, और पानी यानी सभी तरीके से ट्रांसपोर्ट सर्विसेज मिलती है। कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हुई है।
वित्त वर्ष 2023 में इसे ₹2.24 करोड़ का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2024 में उछलकर ₹6.29 करोड़ और वित्त वर्ष 2025 में ₹12.20 करोड़ पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी की टोटल इनकम सालाना 25% से अधिक की चक्रवृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर ₹108.65 करोड़ पर पहुंच गई। चालू वित्त वर्ष 2026 की बात करें तो पहली छमाही अप्रैल-सितंबर 2025 में कंपनी को ₹4.68 करोड़ का शुद्ध मुनाफा और ₹41.71 करोड़ की टोटल इनकम हासिल हो चुकी है। सितंबर 2025 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹40.04 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹21.32 करोड़ पड़े थे।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।