स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी लिमिटेड (SWREL) के शेयरों में आज 16 अक्टूबर को लगातार दूसरे दिन अपर सर्किट लगा है। इस समय यह स्टॉक BSE पर 5 फीसदी की बढ़त के साथ 612.15 रुपये के भाव पर ट्रेड कर रहा है। कंपनी के शेयरों में यह उछाल FY25 की सितंबर तिमाही में मजबूत नतीजों के बाद देखने को मिल रही है। स्टर्लिंग एंड विल्सन के शेयरों में खरीदारी की वजह मजबूत ऑर्डरबुक और रेवेन्यू गाइडेंस है। आज की तेजी के साथ कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर 14287 करोड़ रुपये हो गया है।
मजबूत ऑर्डरबुक और रेवेन्यू गाइडेंस
स्टर्लिंग एंड विल्सन ने वित्त वर्ष 2025 के लिए 8000 करोड़ रुपये का रेवेन्यू गाइडेंस दिया है, जिसमें से 2000 करोड़ रुपये पहली छमाही में हासिल किए जा चुके हैं। मैनेजमेंट ने कहा कि उसे इस वित्त वर्ष में शेष 6000 करोड़ रुपये के लक्ष्य को पूरा करने का भरोसा है। अर्निंग कॉल के दौरान स्टर्लिंग और विल्सन ने 15 अक्टूबर को कहा कि ऑर्डरबुक तेजी से बढ़ रही है, जिसने Q2FY25 तक 10549 करोड़ के साथ कंपनी के लिए अब तक के सबसे अधिक अन-एग्जीक्यूटेड ऑर्डर वैल्यू में से एक हासिल किया है। मार्च 2024 तक यह आंकड़ा 8,084 करोड़ रुपये था।
SWREL को दूसरी छमाही में एनुअल रेवेन्यू गाइडेंस हासिल करने का भरोसा
SWREL ने कहा कि जून तिमाही से उसे छह घरेलू प्रोजेक्ट्स में 2044 करोड़ रुपये के नए ऑर्डर मिले हैं। कंपनी ने कहा कि उसके ज़्यादातर ग्राहक गुजरात या राजस्थान में हैं। कंपनी ने कहा कि उसे वित्त वर्ष 2025 की दूसरी छमाही में मजबूत एग्जीक्यूशन के दम पर एनुअल रेवेन्यू गाइडेंस हासिल करने का भरोसा है। IREDA से 500 करोड़ रुपये का लोन इस एग्जीक्यूशन में सहायक होगा।
कंपनी ने कहा कि रणनीति में बदलाव करते हुए अब वह टर्नकी प्रोजेक्ट भी स्वीकार कर रही है। वित्त वर्ष 2025 की दूसरी छमाही में कंपनी घरेलू बाजार के आकार को 23 गीगावाट तक पहुंचने का अनुमान लगा रही है, जो बढ़ते बाजार को दिखाता है। इसका मतलब यह भी है कि इस क्षेत्र में कंपटीशन बढ़ रहा है, हालांकि, S&W ने कहा कि कंपनी के पास अपने रिस्क मीट्रिक के अनुसार आगे और ऑर्डर हासिल करने के लिए बाजार में पर्याप्त जगह है।
कैसे रहे SWREL के तिमाही नतीजे
सितंबर तिमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट 7 करोड़ रुपये रहा, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को 54.2 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था। यह लगातार तीसरी तिमाही थी जब कंपनी ने नेट प्रॉफिट दर्ज किया। तिमाही के लिए रेवेन्यू पिछले वर्ष की इसी तिमाही के ₹759.5 करोड़ से 36 फीसदी बढ़कर ₹1030.5 करोड़ हो गया। तिमाही के लिए EBITDA पिछले वर्ष की समान तिमाही के ₹1.1 करोड़ से बढ़कर ₹18.1 करोड़ हो गया, जबकि मार्जिन पिछले वर्ष के 0.1% से बढ़कर 1.8% हो गया।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना हेतु दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।