Get App

Stock Market news: लगातार तीन दिनों की तेजी के बाद बाजार में आज हल्का दबाव, जानिए निफ्टी-बैंक निफ्टी में क्या हो ट्रेडिंग रणनीति

Trading strategy : सीएनबीसी-आवाज़ के वीरेंन्द्र कुमार ने कहा कि निफ्टी के लिए पहला रजिस्टेंस 25886-25919 पर और बड़ा रेजिस्टेंस 25968-25989/26029 पर है। इसके लिए पहला बेस 25711-25752 पर और बड़ा बेस 25639-25671 पर है

Edited By: Sudhanshu Dubeyअपडेटेड Feb 19, 2026 पर 10:24 AM
Stock Market news: लगातार तीन दिनों की तेजी के बाद बाजार में आज हल्का दबाव, जानिए निफ्टी-बैंक निफ्टी में क्या हो ट्रेडिंग रणनीति
Bank Nifty trend : बैंक निफ्टी सब कुछ अच्छा नजर रहा है, लेकिन 'ग्रेविटी के कॉन्सेप्ट'को ध्यान में रखें। 61500 के ऊपर बंद होने के चलते पुट राइटर ऊपर की ओर आने में हिचकिचा रहे हैं

Stock Market news: लगातार तीन दिनों की तेजी के बाद आज गुरुवार को बाजार में हल्का दबाव देखने को मिल रहा है। ऊपरी स्तरों से निफ्टी करीब 100 अंक फिसलकर 25800 के नीचे आ गया है। RIL, L&T, ITC और ICICI बैंक ने दबाव बनाया है। बैंक निफ्टी भी नीचे कारोबार कर रहा है। मिडकैप में भी कमजोरी दिख रही है। रियल्टी, कंज्यूमर ड्यूरेबल, FMCG और कैपिटल गुड्स में आज सबसे ज्यादा कमजोरी है। ये चारों सेक्टर इंडेक्स करीब 0.50 परसेंट फिसले हैं। वहीं IT शेयरों में खरीदारी है। यह इंडेक्स एक परसेंट से ज्यादा चढ़ा है। ऑटो और फार्मा में भी रौनक है।

10.05 बजे के आसपास सेंसेक्स 153.72 अंक या 0.18 परसेंट गिरकर 83,580.53 पर और निफ्टी 47.65 अंक या 0.18 परसेंट गिरकर 25,771.70 पर दिख रहा है। लगभग 1630 शेयर बढ़े है। वहीं, 1561 शेयर गिरे हैं। वहीं, 159 शेयर बिना किसी बदलाव के कारोबार कर रहे हैं।

गोल्ड-सिल्वर फ्यूचर्स पर एक्स्ट्रा मार्जिन हटने से MCX का शेयर भागा

गोल्ड-सिल्वर फ्यूचर्स पर एक्स्ट्रा मार्जिन हटने से MCX का शेयर भागा है। यह शेयर 4 परसेंट चढ़कर वायदा का टॉप गेनर बना है। उधर MCX और NSE ने गोल्ड फ्यूचर्स का 3% तो सिल्वर फ्यूचर्स का 7% अतिरिक्त मार्जिन हटा दिया है। ज्यादा उतार-चढ़ाव के बाद ये मार्जिन लगाया गया था। क्रूड की कीमतों में उछाल से ONGC में खरीदारी आई है। यह शेयर करीब 2 परसेंट चढ़कर निफ्टी का टॉप गेनर बना है। साथ ऑयल इंडिया भी वायदा के टॉप गेनर्स में शुमार है। दूसरी ओर इंटरनेशनल मार्केट में ब्रेंट 71 डॉलर के करीब पहुंच गया है। इसके चलते OMCs शेयरों पर दबाव देखने को मिल रहा है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें