Market news : GIFT निफ्टी से मिल रहे संकेतों से लगता है कि भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स 2 जुलाई को बढ़त के साथ शुरुआत करने के लिए तैयार हैं। GIFT निफ्टी शुरुआती कारोबार में बढ़त के साथ 24,181.50 के आसपास ट्रेड कर रहा था। यहां हम आपके लिए तमाम समाचार प्लेटफॉर्मों पर चल रही आज की ऐसी अहम खबरों की एक सूची जारी कर रहें हैं जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकते हैं।
1 जुलाई को ऑटो,FMCG,रियल्टी और फाइनेंशियल शेयरों में आई अच्छी खरीदारी के दम पर भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स ने दो दिन की गिरावट का सिलसिला तोड़ा और अच्छी बढ़त के साथ बंद हुए। वहीं,KPIT टेक्नोलॉजीज के उम्मीद से कमजोर Q1 गाइडेंस के कारण IT शेयरों पर दबाव बना रहा। जुलाई सीरीज के पहले सेशन में पॉज़िटिव शुरुआत के बाद,बेंचमार्क इंडेक्स में दिन भर बढ़त बनी रही। निफ्टी ने इंट्राडे में 24,049.90 का हाई लेवल छुआ और दिन के हाई के करीब बंद हुआ। ग्लोबल मार्केट से मिले अच्छे संकेतों,मज़बूत मंथली ऑटो सेल्स और बड़े FMCG स्टॉक्स में बढ़त ने मार्केट के सेंटीमेंट को और मज़बूत किया,हालांकि IT स्टॉक्स में गिरावट ने तेजी को कुछ हद तक सीमित रखा। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 443.97 अंक या 0.58 प्रतिशत बढ़कर 76,922.64 पर और निफ्टी 140.10 अंक या 0.59 प्रतिशत बढ़कर 24,005.85 पर बंद हुआ।
सुबह 07.35 बजे के आसपास गिफ्ट निफ्टी 130 अंक यानी 0.54 फीसदी की बढ़त के साथ 24,172.50 के आसपास कारोबार कर रहा था।
एशियाई शेयर बाजारों में मिलाजुला रुख देखने को मिल रहा है। जापान के निक्केई में 1.08 फीसदी की कमजोरी देखने को मिल रही है। वहीं,स्ट्रेट टाइम्स 0.49 फीसदी की तेजी दिखा रहा है। हैंगसेंग भी 1.18 फीसदी की बढ़त दिखा रहा है। ताइवान के बाजार में 0.63 फीसदी की गिरावट नजर आ रही है। कोस्पी 2.34 फीसदी नीचे दिख रहा है। वहीं,शांघाई कंपोजिट में 0.70 फीसदी की गिरावट नजर आ रही है।
बुधवार को US शेयर बाजार में थोड़ी गिरावट के साथ कारोबार बंद हुआ,क्योंकि टेक्नोलॉजी शेयरों में गिरावट आई। हालांकि,मेटा प्लेटफ़ॉर्म्स में बढ़त ने S&P 500 और नैस्डैक में गिरावट को सीमित रखा। डाओ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 13.96 अंक या 0.03% गिरकर 52,305.24 पर बंद हुआ,S&P 500 में 16.13 अंक या 0.22% की गिरावट आई और यह 7,483.23 पर रहा। जबकि नैस्डैक कंपोजिट 173.69 अंक या 0.66% गिरकर 26,040.03 पर बंद हुआ।
गुरुवार को डॉलर की कीमत स्थिर नजर आ रही है। बाजार अमेरिका के 'नॉन-फ़ार्म पेरोल'डेटा का इंतजार कर रहा है। वहीं,डॉलर के मुकाबले येन के 40 साल के निचले स्तर पर पहुंचने औरअमेरिका में छुट्टी से पहले कम ट्रेडिंग वॉल्यूम के कारण ट्रेडर्स किसी भी तरह के सरकारी दखल को लेकर पूरी तरह सतर्क दिख रहे हैं। फिलहाल डॉलर इंडेक्स 101.40 के स्तर पर नजर आ रहा है।
अमेरिका में 10-साल और 2-साल के ट्रेजरी बॉन्ड पर यील्ड में बहुत कम बदलाव हुआ और ये 4.47% और 4.17% पर दिख रहे हैं।
एशियाई करेंसीज में मिला-जुला और कुछ हद तक गिरावट वाला ट्रेंड दिख रहा है। नौ में से छह करेंसी अमेरिकी डॉलर के मुकाबले कमजोर हुईं है। सबसे ज्यादा गिरावट दक्षिण कोरियाई वॉन (-0.289%) और इंडोनेशियाई रुपिया (-0.251%) में आई है। जबकि मलेशियाई रिंगित (+0.135%) और थाई बाह्ट (+0.114%) बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। जापानी येन में भी मामूली बढ़त (+0.025%) है। वहीं फिलीपीनी पेसो और सिंगापुर डॉलर में कोई खास बदलाव नहीं हुआ है।
गुरुवार को शुरुआती कारोबार में तेल की कीमतों में गिरावट आई है। कतर ने बताया कि ईरान और अमेरिका के बीच अप्रत्यक्ष बातचीत में "सकारात्मक प्रगति"हुई है। बुधवार को खत्म हुई यह बातचीत होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर केंद्रित थी। WTI क्रूड में 1.05 फीसदी की और ब्रेंट क्रूड में 0.84 फीसदी की नरमी आई है।
US फेडरल रिज़र्व के चेयरमैन केविन वॉर्श के भाषण के बाद सोने की कीमतों में आई तेजी बनी रही। उनके भाषण ने इस अटकल को कमजोर कर दिया कि सेंट्रल बैंक महंगाई से निपटने के लिए इस साल ब्याज दरें बढ़ा सकता है। कोमेक्स पर गोल्ड में 0.79 फीसदी की तेजी आई है। वहीं,चांदी में 1.36 फीसदी की तेजी आई है।
विदेशी और घरेलू निवेश के आंकड़ों पर एक नजर
1 जुलाई को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने लगातार तीसरे सेशन में ₹1,140 करोड़ के शेयर बेचे और वे नेट सेलर बने रहे। वहीं,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने लगातार सातवें सेशन में भी खरीदारी जारी रखी और ₹3,159 करोड़ के शेयर खरीदे।