Sun Pharma News: देश की सबसे बड़ी दवा कंपनी सन फार्मा ने आज धमाकेदार ऐलान किया। कंपनी ने एक्सचेंज फाइलिंग में जानकारी दी कि अमेरिका में लिस्टेड ऑर्गेनन (Organon) को अधिग्रहण के लिए डेफिनिटिव एग्रीमेंट हुआ है। इस डील का उद्देश्य लॉन्ग टर्म वैल्यू क्रिएशन और दोनों कंपनियों के कंप्लिमेंट्री पोर्टफोलियो के जरिए बिजनेसेज को मजबूत बनाना है। इसका असर आज सन फार्मा के शेयरों पर भी दिखा। आज बीएसई पर यह 7.03% की बढ़त के साथ ₹1733.80 (Sun Pharma Share Price) के भाव पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में यह ₹1,766.65 तक पहुंचा था।
इस एग्रीमेंट के तहत सन फार्मा $1175 करोड़ (₹1.11 लाख करोड़) के एंटरप्राइज वैल्यू पर ऑर्गेनन की 100% आउटस्टैंडिंग इक्विटी हासिल करेगी। ऑर्गेनन के शेयरहोल्डर्स को हर शेयर पर कैश में $14 मिलेंगे जोकि शुक्रवार को इसके शेयरों के क्लोजिंग प्राइस से 24% प्रीमियम पर है। ऑर्गेनन के शेयरों की वैल्यू पहले ही 8 अप्रैल से डबल हो चुकी है, जब इस सौदे को लेकर पहली बार जानकारी सामने आई थी। शुक्रवार को इसके शेयर 30% ऊपर चढ़े थे। यह सौदा कैश में होगा और इसके लिए कंपनी ने अपने पास मौजूदा कैश रिसोर्सेज के साथ-साथ बैंकों से लोन की मदद लेगी। यह सौदा सन फार्मा की एक सब्सिडरी और ऑर्गेनन के विलय के जरिए होगी और नियामकीय मंजूरी के साथ इसके अगले साल 2027 के शुरुआती महीनों में पूरा होने की उम्मीद है।
Sun Pharma को कैसे होगा फायदा?
ऑर्गेनन का अधिग्रहण सन फार्मा की इनोवेटिव दवाओं के बिजनेस को बढ़ाने की स्ट्रैटेजी के हिसाब से है। इस डील से कंपनी को कई बड़े फायदे मिलेंगे जैसे कि दोनों को मिलाकर करीब $1240 करोड़ के रेवेन्यू के साथ यह दुनिया की 25 सबसे बड़ी फार्मा कंपनियों में शुमार हो जाएगी, स्थापित ब्रांडेड जेनेरिक्स में मजबूत स्थिति, कुल रेवेन्यू का 27% इनोवेटिव दवाओं से आएगा, महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़ी टॉप-3 कंपनियों में शुमार और बायोसिमिलर्स में दुनिया की 7वीं सबसे बड़ी कंपनी होना।
पिछले साल 2025 में मर्क एंड कंपनी से अलग होकर ऑर्गेनन बनी थी। वित्त वर्ष 2025 में कंपनी को $620 करोड़ का रेवेन्यू हासिल हुआ था और $190 करोड़ का एडजस्टेड ऑपरेटिंग प्रॉफिट। अभी कंपनी के पास $57.4 करोड़ की नगदी है तो साथ ही इस पर $860 करोड़ का कर्ज भी है। इसे हाल ही में किए गए एक विनिवेश से $44 करोड़ मिलना है। अब इसे सन फार्मा खरीद रही है जिसकी डील हो चुकी है। सन फार्मा का कहना है कि यह अधिग्रहण इसकी इनोवेटिव दवाओं के बिजनेस को बढ़ाने की रणनीति के हिसाब से है और इससे कंपनी को बायोसिमिलर मार्केट में टॉप 10 वैश्विक कंपनियों में शामिल होने का मौका मिलेगा।
एक साल में कैसी रही सन फार्मा के शेयरों की चाल?
सन फार्मा के शेयरों ने निवेशकों को तगड़ा शॉक दिया है। पिछले साल 2 मई 2025 को बीएसई पर यह ₹1850.95 के भाव पर था जोकि इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड हाई लेवल है। इस हाई लेवल से पांच महीने से भी कम समय में यह 16.41% टूटकर 26 सितंबर 2025 को ₹1547.25 पर आ गया जोकि इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड निचला स्तर है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।