Tata Motors Stock Price: टाटा मोटर्स के शेयरों ने पिछले एक साल में 200 फीसदी से ज्यादा का रिटर्न दिया है। इसके मुकाबले निफ्टी 50 का रिटर्न सिर्फ 46 फीसदी रहा है। हांलाकि 6 जुलाई को कंपनी ने बताया कि सेमिकंडक्टर की कमी होने से सितंबर 2021 तिमाही में जगुआर-लैंड रोवर के वॉल्यूम में 50 फीसदी तक कमी आ सकती है। कंपनी ने बताया कि इससे कंपनी की आमदनी भी घटेगी। यह खबर आते ही टाटा मोटर्स के शेयरों में बिकवाली शुरू हो गई।
बिकवाली का दवाब इतना ज्यादा रहा कि 6 जुलाई को टाटा मोटर्स के शेयरों में लोअर सर्किट लगा और कारोबार के अंत में इसके शेयर 8.4 फीसदी गिरकर बंद हुए। आज दोपहर 2.33 मिनट पर टाटा मोटर्स के शेयर 0.19 फीसदी ऊपर 317.65 रुपए पर ट्रेड कर रहे हैं।
बाजार के जानकारों का मानना है कि टाटा मोटर्स बुनियादी तौर पर अब भी मौजूद है और निवेशकों को गिरावट में खरीदारी करनी चाहिए।
कंपनी उम्मीद कर रही है कि दूसरी तिमाही के बाद से हालात में सुधार आएगा।
जगुआर लैंड रोवर के प्रोडक्शन की मुश्किल अगले 12-18 महीनों में खत्म होगी। ऐसे में निवेशकों को क्या करना चाहिए।
इस पर मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के इक्विटी स्ट्रैटेजिस्ट, ब्रोकिंग एंड डिस्ट्रीब्यूशन के हेड हेमांग जानी ने कहा, "फिस्कल ईयर 2022 की पहली तिमाही में जगुआर 1 अरब पौंड का नेगेटिव फ्री कैश फ्लो (FCF) और नेगेटिव EBIT मार्जिन पेश कर सकती है।"
फ्री कैश फ्लो के मायने कंपनी कैपिटल एसेट्स और कामकाज का खर्च निकालने के बाद बचने वाली रकम से है।
जानी ने कहा कि फिस्कल ईयर 2022 की पहली तिमाही में उम्मीद के मुताबिक रहेगी। दूसरी तिमाही से कंपनी पर कारोबार प्रभावित रहेगा। लेकिन ब्रोकरेज फर्म ने इसकी "बाय" रेटिंग बरकरार रखी है।