आज हफ्ते के पहले कारोबारी दिन यानी कि 13 मार्च को दलाल स्ट्रीट में उथल-पुथल देखने को मिली। निफ्टी 2023 में अपने सबसे निचले स्तर पर गिर गया। वैश्विक बाजारों में उथल-पुथल के साथ अमेरिकी सिलिकॉन वैली बैंक के सप्ताहांत में गिरावट के बाद बाजार के सेंटिमेंट्स कमजोर होने से गिरावट बढ़ गई। निफ्टी ऊपर खुला लेकिन बाद में सुबह के सौदों में सभी बढ़त को गंवा दिया। इससे शेष सत्र के लिए दबाव बना रहा। इंडेक्स 22 फरवरी के बाद एक दिन में सबसे बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ। निफ्टी 259 अंक या 1.5 प्रतिशत गिरकर 17,154 पर बंद हुआ। निफ्टी का ये स्तर 13 अक्टूबर के बाद सबसे निचला स्तर है।
निफ्टी ने 28 फरवरी को देखे गए 17,255 के पिछले निचले स्तर को निर्णायक रूप से तोड़ दिया। इसलिए मनोवैज्ञानिक रूप से महत्वपूर्ण 17,000 अंक पर अगले स्तर के रूप में निगाहें लगी हुई हैं।
एक्सपर्ट्स का कहना है कि ये लेवल ब्रेक होने पर निफ्टी 16,900-16,750 तक लुढ़क सकता है। जबकि ऊपर की तरफ निफ्टी में 17,400-17,500 के जोन में रेजिस्टेंस देखने को मिलेगा। तकनीकी रूप से मार्केट इसमें लोअर लो यानी कि लोअर बॉटम फॉर्मेशन के साइकल में हैं।
मंगलवार 14 मार्च को कैसी रहेगी निफ्टी की चाल
Angel One के ओशो कृष्णन ने कहा "जहां तक लेवल्स का सवाल है, निफ्टी में 17000 का मनोवैज्ञानिक निशान अब काफी करीब है। इसके बाद 16,900 का स्तर अहम होगा। जबकि दूसरी तरफ 200 एसएमए 17,400-17,450 के आसपास रखा गया है। ये लेवल्स एक मजबूत रेजिस्टेंस के रूप में कार्य करेगा।
उन्होंने कहा कि निफ्टी में आक्रामक दांव लगाने से बचना चाहिए। हालांकि क्वालिटी प्रपोजीशंस को थोड़ा-थोड़ा करके जमा किया जा सकता है।
मंगलवार 14 मार्च को कैसी रहेगी बैंक निफ्टी की चाल
बैंक निफ्टी 40,356 पर निगेटिव खुला। उसके बाद 40,690 के शुरुआती उछाल के बाद यह निरंतर बिकवाली दबाव में रहा। ये 920 अंक या 2.3 प्रतिशत गिरकर 39,565 पर बंद हुआ। इसने 14 अक्टूबर, 2022 के बाद से सबसे खराब क्लोजिंग दिखाई। इसमें डेली स्केल पर एक लॉन्ग बेयरिश कैंडल बना। इसकी वजह ये रही कि बैंकिंग शेयरों में बड़े पैमाने पर अंडरपरफॉर्मेंस देखने को मिला।
बैंकिंग इंडेक्स पिछले दो सत्रों से डेली स्केल पर लोअर हाई और लोअर लो बना रहा है। यह अपने 200-डे ईएमए (40,074) से नीचे बंद हुआ।
मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के चंदन तापड़िया ने कहा "अब जब तक बैंक निफ्टी 40,000 के स्तर से नीचे रहता है। इसमें 39,000 से 38,888 के स्तर की ओर गिरावट देखी जा सकती है। जबकि ऊपर की तरफ चढ़ने पर इसमें 40,000 से 40,400 के स्तर पर रेजिस्टेंस देखने को मिल सकता है।"
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