Get App

US Market : मिलेजुले आर्थिक आंकड़ों और कंपनियों के नतीजों के बीच वॉल स्ट्रीट में दिखी सुस्ती

Wall Street : डॉओ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 140.82 अंक या 0.32 फीसदी गिरकर 44,424.25 पर बंद हुआ। एसएंडपी 500 इंडेक्स 17.47 अंक या 0.29 फीसदी गिरकर 6,101.24 पर और नैस्डैक कंपोजिट 99.38 अंक या 0.50 फीसदी गिरकर 19,954.30 पर बंद हुआ

MoneyControl Newsअपडेटेड Jan 25, 2025 पर 10:40 AM
US Market : मिलेजुले आर्थिक आंकड़ों और कंपनियों के नतीजों के बीच वॉल स्ट्रीट में दिखी सुस्ती
वीकली बेसिस पर देखें तो अमेरिकी इंडेक्सों में लगातार दूसरे सप्ताह बढ़त देखने को मिली। एसएंडपी 500 में बीते हफ्ते 1.74 फीसदी की बढ़त हुई

Global Market: वॉल स्ट्रीट के मुख्य सूचकांक शुक्रवार को गिरावट के साथ बंद हुए। निवेशक मिलेजुले आर्थिक आंकड़ों और कंपनी नतीजों को देखते हुए सर्तक नजर आए। निवेशकों की नजरों अगले हफ्ते होने वाली फेडरल रिजर्व की बैठक पर भी लगी हुई हैं। अमेरिकी बाजार में टेक्नोलॉजी शेयरों पर सबसे ज्यादा दबाव देखने को मिला। एआई चिप बनाने वाली कंपनी एनवीडिया सहित तमाम मेगाकैप शेयरों की खूब पिटाई हुई। हाउसिंग मार्केट के आंकड़े उम्मीद से ज़्यादा मजबूत रहे। एसएंडपी ग्लोबल सर्वे के मुताबिक जनवरी में कीमतों में बढ़ोतरी के कारण कारोबारी गतिविधि नौ महीने के निचले स्तर पर आ गई। हालांकि, कंपनियों नई भर्ती में बढ़त की जानकारी दी है। इससे संकेत मिलता है कि इस साल फेडरल रिजर्व मौद्रिक नितियों में सतर्कता का नजरिया अपना सकता है। कंज्यूमर सेंटीमेंट पर मिशिगन विश्वविद्यालय का अंतिम अनुमान 73.2 के पिछले अनुमान से घटकर 71.1 पर रहा है।

आंकड़ों के लिहाज से अपेक्षाकृत हल्के सप्ताह के अंत में ट्रंडर्स यह मान कर चल रहे हैं कि फेड 28-29 जनवरी की बैठक में अपनी दरों में कोई बदलाव नहीं करेगा और जून में अपनी पहली दर कटौती की उम्मीद है। सीएमई ग्रुप के फेडवाच टूल के ताजे आंकड़ों से भी कुछ ऐसे ही संकेत मिल रहे हैं।

ईटीएफ कंपनी ग्लोबल एक्स के स्कॉट हेल्फस्टीन ने कहा, "वास्तव में यह अनुमान मिलेजुले आर्थिक आंकडों और अर्निंग्स पर आधारित है। निवेशक अगले हफ्ते आने वाले महंगाई और आर्थिक विकास के अहम आंकड़ों के साथ-साथ फेड की बैठक का भी इंतजार कर रहे हैं। इसके अलावा उनकी नजरें ट्रंप प्रशासन की ओर से आने वाले नीतिगत अपडेट्स पर भी लगी हुई हैं। आने वाले हफ्ते में वास्तव में बड़ी खबरें आने की उम्मीद है। नए प्रशासन के कार्यभार संभालने के पहले नीतिगत अनिश्चितता बनी हुई है। इसके अगले कुछ सप्ताह तक बने रहने की संभावना है।"

निवेशकों में इस बात को लेकर चिंता है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रस्तावित टैरिफ से महंगाई का दबाव बढ़ सकता है और फेड की ब्याज दरों में कटौती धीमी हो सकती है। हालांकि ट्रंप इस सप्ताह कई बार व्यापार नीति का उल्लेख किया है लेकिन अपनी योजनाओं का ठोस विवरण नहीं दिया है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें