अमेरिकी बाजारों में 6 मार्च को बड़ी गिरावट दिखी। इसकी वजह अमेरिका और ईरान के बीच मध्यपूर्व में चल रही लड़ाई और लेबर मार्केट के उम्मीद से कमजोर डेटा हैं। अमेरिकी बाजार का प्रमुख सूचकांक डाओ जोंस 903 प्वाइंट्स यानी 1.9 फीसदी फिसला। एसएंडपी500 और नैस्डेक में से दोनों में 1.6-1.6 फीसदी की गिरावट दिखी।
क्रूड की कीमतों में उछाल से निवेशकों में डर
एक्सपर्ट्स का कहना है कि एनर्जी की बढ़ती कीमतें निवेशकों की चिंता बढ़ा रही हैं। उधर, अमेरिका में नौकरियों के मौकों में कमी आई है। अमेरिकी सरकार ने 6 मार्च को नॉन-फॉर्म पेरोल के डेटा जारी किए। इसके मुताबिक, फरवरी में पेरोल में 92,000 की कमी आई है। रिवाइज्ड डेटा के मुताबिक, जनवरी में 1,26,000 नौकरियों के मौके बढ़े थे। डाओ जोंस के सर्वे में इकोनॉमिस्ट्स ने फरवरी में 50,000 नौकिरयां बढ़ने का अनुमान जताया था।
अमेरिका में बेरोजगारी दर भी बढ़ी
अमेरिका में बेरोजगारी दर भी 4.3 फीसदी से बढ़कर 4.4 फीसदी हो गई है। उधर, एनर्जी की कीमतें बढ़ रही है। इसकी वजह यह है कि अमेरिका और ईरान के बीच लड़ाई रुकने का संकेत नहीं दिख रहा है। अगर लड़ाई जल्द खत्म नहीं होती है तो क्रूड सहित एनर्जी के दूसरे स्रोतों की कीमतों में तेज उछाल आ सकता है। इसका असर आम आदमी से लेकर सरकारों की वित्तीय सेहत पर पड़ेगा।
ब्रेंट क्रूड 90 डॉलर प्रति बैरल के पार
6 मार्च को कारोबार के दौरान ब्रेंट क्रूड की कीमत 90 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गई, जबकि डब्ल्यूटीआई क्रूड फ्यूचर्स 88 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गया। इस बीच, कतर के एनर्जी मिनिस्टर ने फाइनेशियल टाइम्स को दिए इंटरव्यू में क्रूड की कीमतें 150 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच जाने की आशंका जताई है।
रॉयल कैरिबियन का शेयर 4 फीसदी फिसला
अमेरिका में शुक्रवार को उन कंपनियों के शेयरों में ज्यादा गिरावट दिखी, जिन पर महंगे क्रूड का असर पड़ सकता है। Royal Caribbean का शेयर 4 फीसदी नीचे चल रहा था। इस हफ्ते इस क्रूज ऑपरेटर कंपनी का शेयर 13 फीसदी गिर चुका है। Caterpillar का शेयर भी 3 फीसदी गिर गया। Walmart और Costco के शेयरों में भी हल्की कमजोरी देखने को मिली। Apple का शेयर 1.42 फीसदी नीचे चल रहा था। माइक्रोसॉफ्ट 0.23 फीसदी कमजोर था।
इस हफ्ते दो बड़े सूचकांकों में गिरावट
इस हफ्ते S&P500 करीब 0.7 फीसदी गिरता दिख रहा है। Dow Jones Industrial Average का शेयर 2.1 फीसदी गिरा है। नैस्डेक में इस दौरान करीब 0.4 फीसदी की तेजी दिखी है। यह इस बात का संकेत है कि अमेरिकी बाजारों पर दुनिया के दूसरे बाजारों की तरह मध्यपूर्व लड़ाई की वजह से गिरावट नहीं आई है।
भारतीय शेयर बााजार में भी बड़ी गिरावट
6 मार्च को भारतीय शेयर बाजार भी बड़ी गिरावट के साथ बंद हुए। Nifty 1.27 फीसदी यानी 315 अंक टूटकर 24,450 रुपये पर बंद हुआ। Sensex 1.37 फीसदी यानी 1,097 प्वाइंट्स की कमजोरी के साथ 78,918 पर बंद हुआ। बैंक निफ्टी में तो 2.15 फीसदी की गिरावट आई। भारतीय शेयर बाजार में इस हफ्ते करीब 4 फीसदी गिरावट आई है। 9 मार्च को भारतीय शेयर बाजार खुलने पर अमेरिकी बाजारों में गिरावट का असर दिख सकता है।