Whirlpool Share: Q3 नतीजों के बाद शेयर 5% उछला, एक्सपर्ट लगा रहे 20% तेजी का अनुमान, क्या आप करेंगे निवेश

Whirlpool Share: जेफरीज ने कहा कि कम डिमांड और कॉम्पिटिशन की वजह से इसका रेफ्रिजरेटर सेगमेंट शांत रहा।कंपनी का EBITDA पिछले साल के मुकाबले 31% ज़्यादा था। जेफरीज ने अपनी रिपोर्ट में आगे कहा कि पेरेंट कंपनी व्हर्लपूल कॉर्प ने नवंबर 2025 में व्हर्लपूल ऑफ इंडिया में 11% हिस्सा बेच दिया और फिलहाल 40% हिस्सा रख सकती है।

अपडेटेड Feb 09, 2026 पर 12:30 PM
Story continues below Advertisement
Whirlpool of India: जेफरीज ने कहा कि कंपनी की कंसोलिडेटेड सेल्स पिछले साल से 4% बढ़ी और यह वॉशर और एयर-कंडीशनर सेगमेंट में शेयर में बढ़त की वजह से हुई।

Whirlpool Share: व्हर्लपूल ऑफ इंडिया लिमिटेड के शेयर में सोमवार 9 फरवरी को 5% का जबरदस्त उछाल देखने को मिला। कंपनी के शेयरों में यह तेजी Q3 नतीजों के बाद आई है। वहीं ब्रोकरेज फर्म जेफरीज को इस स्टॉक में 20% की बढ़त दिखाई दे रही है। यहीं वजह है कि जेफरीज ने व्हर्लपूल ऑफ इंडिया को "होल्ड" रेटिंग दी है और इसके लिए टारगेट प्राइस 1030 रुपये प्रति शेयर निर्धारित किया है, जो इसकी पिछले क्लोजिंग भाव से 20 फीसदी ज्यादा है।

बता दें कि कंपनी की तीसरी तिमाही की ब्याज, टैक्स, डेप्रिसिएशन और अमॉर्टाइज़ेशन से पहले की कमाई (EBITDA) एनालिस्ट के अनुमान के मुताबिक रही, लेकिन इसका रिपोर्ट किया गया टैक्स के बाद का प्रॉफ़िट (RPAT),जो पिछले साल से 40% कम हुआ। वह नए लेबर कोड के कारण ₹3.88 करोड़ के एक्सेप्शन लॉस के कारण अनुमान से कम रहा।

जेफरीज ने कहा कि कंपनी की कंसोलिडेटेड सेल्स पिछले साल से 4% बढ़ी और यह वॉशर और एयर-कंडीशनर सेगमेंट में शेयर में बढ़त की वजह से हुई। इसका ऑपरेटिंग मार्जिन 5.1% पिछले साल से 100 बेसिस पॉइंट्स बेहतर हुआ।


हालांकि, जेफरीज ने कहा कि कम डिमांड और कॉम्पिटिशन की वजह से इसका रेफ्रिजरेटर सेगमेंट शांत रहा।कंपनी का EBITDA पिछले साल के मुकाबले 31% ज़्यादा था।

जेफरीज ने अपनी रिपोर्ट में आगे कहा कि पेरेंट कंपनी व्हर्लपूल कॉर्प ने नवंबर 2025 में व्हर्लपूल ऑफ इंडिया में 11% हिस्सा बेच दिया और फिलहाल 40% हिस्सा रख सकती है।

इस बीच व्हर्लपूल ऑफ इंडिया ने कहा कि तीसरी तिमाही फर्म के लिए एक ऐतिहासिक समय था। उसने बताया कि उसने अक्टूबर 2025 के बीच में व्हर्लपूल कॉर्पोरेशन के साथ एक लॉन्ग-टर्म डील साइन करके अपने भविष्य को सुरक्षित करने की घोषणा की, जिससे व्हर्लपूल ब्रांड के इस्तेमाल के कई दशकों के अधिकार सुनिश्चित हुए। इसमें लॉन्ग-टर्म लाइसेंसिंग एग्रीमेंट और तीन साल से ज़्यादा का ट्रांज़िशनल सर्विस एग्रीमेंट भी शामिल था। कंपनी ने कहा कि यह सब उसे भविष्य में मजबूती से आगे बढ़ने के लिए ज़रूरी अंतरिम सिस्टम स्टेबिलिटी देगा।

स्टॉक पर कवरेज करने वाले 13 एनालिस्ट में से 7 ने इसे 'बाय' रेटिंग दी है, 4 ने 'होल्ड' रेटिंग दी है और 2 ने इसे 'सेल' रेटिंग दी है।

सोमवार को व्हर्लपूल ऑफ इंडिया के शेयर 5.1% बढ़कर ₹898 के इंट्राडे हाई पर पहुंच गए। सुबह 12.15 बजे के आसपास स्टॉक 4.55% बढ़कर ₹893.2 पर था। पिछले एक साल में इसमें 16.2% की गिरावट आई है।

(डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।