Amazon layoffs : एमेजॉन की आने वाले महीनों में कम से कम 20,000 कर्मचारियों को निकालने की योजना है। छंटनी के इस दौर में डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर के वर्कर्स, टेक्नोलॉजी स्टाफ और कॉर्पोरेट एग्जीक्यूटिव शामिल हैं। कंप्यूटरवर्ल्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एमेजॉन महामारी के दौर में बड़े स्तर पर भर्तियों के बाद अपनी वर्कफोर्स को व्यवस्थित कर रही है। इस घटनाक्रम की जानकारी रखने वाले सूत्रों के मुताबिक, एमेजॉन के कर्मचारियों (Amazon employees) को लेवल 1 से लेवल 7 की रैंक दी गई है। इस छंटनी से उसके हर लेवल के कर्मचारी प्रभावित होंगे।
पहले 10 हजार कर्मचारियों की छंटनी की थी खबर
इससे पहले न्यूयॉर्क टाइम्स ने नवंबर के मध्य में खबर दी थी कि एमेजॉन (Amazon) बड़े स्तर पर छंटनी करेगी और कम से कम 10,000 लोगों को निकालेगी। हालांकि, मनीकंट्रोल स्वतंत्र रूप से इस रिपोर्ट की पुष्टि नहीं कर सका है।
रिपोर्ट के मुताबिक, लगभग 20,000 लोगों की छंटनी की कवायद के तहत बीते कुछ साल से कंपनी में मैनेजर का पद संभाल रहे लोगों को बता दिया गया है कि उन्हें कर्मचारियों के प्रदर्शन से जुड़ी समस्याओं की पहचान करनी चाहिए।
छंटनी के शिकार कर्मचारियों को क्या मिलेगा
20 हजार कर्मचारी कंपनी के कुल कॉर्पोरेट स्टाफ के 6 फीसदी के बराबर हैं और एमेजॉन के ग्लोबल डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर और घंटे के हिसाब से काम करने वाले वर्कर्स सहित कुल 15 लाख वर्कर्स का लगभग 1.3 फीसदी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, कॉर्पोरेट स्टाफ को बता दिया गया है कि कर्मचारियों को उनके कंपनी कॉन्ट्रैक्ट्स के तहत 24 घंटे का नोटिस और सेवरेंस पे (severance pay) दिया जाएगा। एक सूत्र ने कंप्यूटरवर्ल्ड को बताया कि छंटनी की खबरें सामने आने के बाद कंपनी के कर्मचारियों के बीच डर का माहौल है। कंपनी के इतिहास में यह अभी तक की सबसे बड़ी छंटनी होगी।
एक सूत्र ने कहा, छंटनी के लिए किसी खास विभाग या लोकेशन का उल्लेख नहीं किया गया है। महामारी के दौरान में ज्यादा भर्तियों और कंपनी की वित्तीय स्थिति के मद्देनजर कॉस्ट कटिंग की जरूरत को देखते हुए छंटनी के लिए कहा गया है।