Rohan Murty के पिता नारायण मूर्ति ने Infosys की शुरुआत की थी। आउटसोर्सिंग टेक्नोलॉजी सर्विसेज का मॉडल अपनाकर उन्होंने इसे इंडिया की दिग्गज बना दी थी। अब उनके 39 साल के बेटे ने खुद के लिए बड़ा लक्ष्य तय किया है। वह एंप्लॉयीज की प्रोडक्टविटी बढ़ाने के लिए काम कर रहे हैं। उनका मानना है कि अभी एंप्लॉयीज की प्रोडक्टविटी की मॉनिटरिंग के लिए जो टूल अपनाए जा रहे हैं, उनसे ज्यादा लाभ नहीं हो रहा है।
रोहन मूर्ति अपनी कंपनी Soroco के जरिए यह कोशिश कर रहे हैं। इस कंपनी के बोस्टन, बेंगलुरु और लंदन में ऑफिसेज हैं। यह फॉर्च्युन 500 की कई कंपनियों को अपनी सेवाएं दे रहे हैं। अगर उनकी कोशिश सफल रहती है तो एंप्लॉयीज की उत्पादकता बढ़ जाएगी। इससे कंपनियों को तो फायदा होगा ही देश की जीडीपी बढ़ाने में भी मदद मिलेगी।
Harvard से पढ़ाई करने वाले मूर्ति एंप्लॉयीज की प्रोडक्टविटी बढ़ाने के लिए डेटा का इस्तेमाल कर रहे हैं। उनकी कंपनी यह स्टडी करती है कि कैसे अलग-अलग टीमों के वर्कर्स सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करते हैं। इसके लिए पहले डेटा कलेक्ट किया जाता है। फिर, बेहतर टेक्नोलॉजी, ऑटोमेशन और स्टैंडर्डाइजेशन की मदद से एंप्लॉयीज की उत्पादकता बढ़ाई जाती है।
Soroco एक स्टार्टअप है, जिसकी शुरुआत 2014 में हुई थी। यह कंपनी टीम में किस तरह से एंप्लॉयीज काम करते हैं उसकी रियल टाइम रिपोर्ट बनाती है। इसके लिए मशीन लर्निंग का इस्तेमाल होता है। इस स्टार्टअप के क्लाइंट्स में फार्मा कंपनी Bayer AG, इंजीनियरिंग कंपनी Robert Bosch GmbH और Mars Inc जैसी दिग्गज कंपनियां शामिल हैं। इनके अलावा इसके ग्राहकों में वॉल स्ट्रीट के कुछ बैंक और ग्लोबल ऑनलाइन रिटेलर्स भी शामिल हैं।
Soroco के फाउंडर और चीफ टेक्नोलॉजी ऑफिसर रोहन मूर्ति ने कुछ दिन पहले कहा था कि मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री ने ब्लू-कलर वर्क को ज्यादा क्षमतावान बनाने के लिए प्रोसेसेज बनाए और उसमें बदलाव किए। लेकिन, डिजिटल एज में इस चीज की कमी थी। ऐसा नहीं है कि मूर्ति ऐसी कोशिश करने वाले अकेले हैं। Microsoft, IBM और SAP SE जैसी दिग्गज कंपनियां भी इस तरह की सेवाएं ऑफर करती हैं।
हालांकि, मूर्ति का मानना है कि उन्हें इस काम को करने का ज्यादा प्रभावी तरीका मिल गया है। Soroco का सॉफ्टवेयर पूरी टीम का डेटा और पैटर्न कलेक्ट करता है। फिर, वह यह बताता है कि कहां टैलेंट का सही इस्तेमाल नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि कंपनी के टॉप एग्जिक्यूटिव्स इस चीज को नहीं देख सकते।
रोहन मूर्ति ने Cornell University से बैचलर की पढ़ाई की है। उसके बाद उन्होंने Harvard University से डॉक्टोरेट किया है। यह दोनों पढ़ाई उन्होंने कंप्यूटर साइंस में की है। ब्रिटेन की प्रधानमंत्री ऋषि सुनक की पत्नी अक्षता मूर्ति रोहन मूर्ति की बहन हैं। अक्षता की तरह रोहन मूर्ति की भी इंफोसिस में हिस्सेदारी है।