US Presidential Elections: अमेरिका में हर बार नवंबर के पहले मंगलवार को क्यों होती है राष्ट्रपति चुनाव की वोटिंग?

1800 के दशकों में अमेरिका के ज्यादातर राज्यों ने नवंबर में चुनाव कराने पर सहमति जताई थी। इसकी दो वजहें थीं। पहला, नवंबर से पहले अमेरिका में फसलों की कटाई हो जाती है। दूसरा नवंबर के बाद अमेरिका में काफी ज्यादा ठंड पड़ती है

अपडेटेड Oct 21, 2024 पर 6:05 PM
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इस बार भी नवंबर के पहले मंगलवार यानी 5 नवंबर को अमेरिका में वोटिंग होंगी। उस दिन डोनाल्ड ट्रंप और कमला हैरिस की किस्मत का फैसला होगा।

अमेरिका में राष्ट्रपति पद के चुनाव में अब एक महीना से कम समय बचा है। अमेरिका में 5 नवंबर को वोटिंग होगी। उस दिन मंगलवार है। क्या आपको पता है कि अमेरिका में राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए वोटिंग नवंबर के पहले मंगलवार को होती है? यह परंपरा 1840 के दशक से चली आ रही है। इसका मतलब है कि पिछले 170 साल से हर चार साल पर अमेरिका में होने वाले राष्ट्रपति चुनाव की वोटिंग नवंबर के पहले मंगलवार को होती है। मंगलवार का दिन वोटिंग के लिहाज से असुविधाजनक लग सकता है। लेकिन, कुछ वजहों से इस परंपरा की शुरुआत हुई थी।

पहले राज्यों में अलग-अलग तारीखों पर होती थी वोटिंग

1800 के दशकों में अमेरिका के ज्यादातर राज्यों ने नवंबर में चुनाव कराने पर सहमति जताई थी। इसकी दो वजहें थीं। पहला, नवंबर से पहले अमेरिका में फसलों की कटाई हो जाती है। दूसरा नवंबर के बाद अमेरिका में काफी ज्यादा ठंड पड़ती है। 1850 के दशक से पहले राज्यों में होने वाली अलग-अलग तारीख की वोटिंग का ज्यादा असर नहीं पड़ता था, क्योंकि खबरों के एक जगह से दूसरी जगह पहुंचने में काफी समय लगता था।


अमेरिका संसद के एक तारीख पर वोटिंग का लिया फैसला

लेकिन, रेल लाइन बन जाने और टेलीग्राफ की सुविधा शुरू होने के बाद चुनाव के नतीजों की खबरें जल्द एक जगह से दूसरी जगह पहुंचने लगीं। तब इन खबकों का असर वोटर्स पर पड़ने की आशंका पैदा हुई। इस समय से निपटने के लिए अमेरिकी संसद ने देशभर में एक तारीख को वोटिंग कराने का फैसला लिया। 1845 में संसद ने तय किया कि नवंबर के पहले सोमवार को देशभर में वोटिंग होगी। इस नियम के तहत पहली बार 1848 में राष्ट्रपति चुनाव के लिए मतदान हुए।

पहले वोटिंग के लिए सोमवार का दिन तय था

तब कई वोटर्स को काउंट सीट्स में पोलिंग स्टेशन पर पहुंचने के लिए सफर करना पड़ता था। अमेरिका में रविवार को ट्रैविलंग को पंसद नहीं किया जाता है। इसलिए सोमवार को ट्रैवलिंग का दिन तय किया गया और मंगलवार को वोटिंग का दिन तय कर दिया गया। तब से यह परंपरा चली आ रही है। हालांकि, आज कई लोग सवाल उठाते हैं कि मंगलवार को वोटिंग की वजह से कामकाज में दिक्कत आती है। कई लोगों को वोटिंग के लिए अपने व्यस्त कामकाज के बीच समय निकालने में दिक्कत आती है।

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इस बार 5 नवंबर को होगा ट्रंप और हैरिस की किस्मत का फैसला

इस बार भी नवंबर के पहले मंगलवार यानी 5 नवंबर को अमेरिका में वोटिंग होंगी। उस दिन डोनाल्ड ट्रंप और कमला हैरिस की किस्मत का फैसला होगा। ट्रंप रिपब्लिकन पार्ट के उम्मीदवार हैं। हैरिस डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार हैं। ट्रंप तीसरी बार राष्ट्रपति पद का चुनाव लड़ रहे हैं। वह 2016 से 2020 के बीच अमेरिका के राष्ट्रपति रह चुके हैं। उन्होंने दोबारा 2020 में राष्ट्रपति का चुनाव लड़ा था। लेकिन, उन्हें डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार जो बाइडेन के हाथों पराजय का सामना करना पड़ा था। इंडो-अमेरिकन हैरिस अभी अमेरिका की उपराष्ट्रपति हैं।

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