ऐसे कर सकते हैं 2,000 रुपये के असली और नकली नोट की पहचान, RBI ने बताया है तरीका
RBI ने कहा कि आम तौर पर 2,000 रुपये के नोटों का प्रचलन काफी कम देखने को मिलता था। इसके अलावा जनता की जरूरतों को पूरा करने के लिए पर्याप्त नकदी भी मौजूद है। आम जनता 30 नवंबर तक 20,000 रुपये तक की सीमा में 2 हजार रुपये के नोटों को बैंक में जाकर बदलवा सकती हैं। हालांकि इस दौरान आपको असली और नकली 2,000 रुपये के नोट की पहचान करना आना भी जरूरी है। आइये जानते हैं कि 2,000 रुपये के नकली नोट की पहचान कैसे की जा सकती है
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने शुक्रवार को 2000 रुपये के नोटों को वापस लेने का ऐलान कर दिया है
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने शुक्रवार को 2000 रुपये के नोटों को वापस लेने का ऐलान कर दिया है। हालांकि आम जनता को 30 सितंबर तक इन नोटों को बदलने का वक्त दिया गया है। नवंबर 2016 में जब नोटबंदी हुई थी उस वक्त इन दो हजार रुपये के नोटों को जारी किया गया था। कथित तौर पर आरबीआई ने साल 2018-19 से ही इन नोटों को छापना बंद कर दिया था। हालांकि यह नोट चलन में भी काफी कम दिखाई देते थे।
क्या कहा RBI ने
अपने इस फैसले पर RBI ने कहा कि आम तौर पर 2,000 रुपये के नोटों का प्रचलन काफी कम देखने को मिलता था। इसके अलावा जनता की जरूरतों को पूरा करने के लिए पर्याप्त नकदी भी मौजूद है। आम जनता 30 नवंबर तक 20,000 रुपये तक की सीमा में 2 हजार रुपये के नोटों को बैंक में जाकर बदलवा सकती हैं। हालांकि इस दौरान आपको असली और नकली 2,000 रुपये के नोट की पहचान करना आना भी जरूरी है। आइये जानते हैं कि 2,000 रुपये के नकली नोट की पहचान कैसे की जा सकती है।
बैंक जारी करना बंद करेंगे 2 हजार के नोट
RBI ने कहा है कि सभी बैंक 2000 रुपये मूल्यवर्ग के बैंक नोट जारी करना बंद कर देंगे। करेंसी चेस्ट (CC) रखने वाले बैंक यह सुनिश्चित करेंगे कि सीसी से 2000 रुपये के मूल्यवर्ग की निकासी की अनुमति नहीं है। बैंकों द्वारा प्राप्त इस मूल्यवर्ग के सभी नोटों को सटीकता और प्रामाणिकता के लिए नोट सॉर्टिंग मशीनों (NSM) के माध्यम से तुरंत सॉर्ट किया जाएगा और लिंकेज योजना के तहत करेंसी चेस्ट में जमा किया जाएगा। जाली नोटों की पहचान, रिपोर्टिंग और निगरानी पर आरबीआई के मास्टर निदेश दिनांक 03 अप्रैल, 2023 में निहित निर्देशों का सावधानीपूर्वक पालन किया जाएगा।
मशीन से पहचाने जाएंगे 2,000 के नकली नोट
काउंटर पर दिए किए गए नोटों की प्रामाणिकता की जांच मशीनों के माध्यम से की जाएगी। इसी तरह, बैंक ऑफिस/मुद्रा तिजोरी में थोक निविदाओं के माध्यम से सीधे प्राप्त बैंक नोटों की भी मशीनों के माध्यम से जांच की जाएगी। काउंटर पर या बैक-ऑफिस/मुद्रा तिजोरी पर प्राप्त निविदा में पाए गए नकली नोट, यदि कोई हो, के लिए ग्राहक के खाते में कोई क्रेडिट नहीं दिया जाना है। किसी भी स्थिति में, नकली नोट निविदाकर्ता को वापस नहीं किए जाएंगे या बैंक शाखाओं द्वारा नष्ट नहीं किए जाएंगे। जाली नोटों को जब्त करने में बैंकों की विफलता को यह माना जाएगा कि नकली नोटों को प्रसारित करने में संबंधित बैंक की जानबूझकर भागीदारी है और जुर्माना लगाया जाएगा।
नकली नोटों को किया जाएगा जब्त
नकली करेंसी का मतलब जाली पैसे या करेंसी नोट से है जो अवैध रूप से बनाई जाती है और लोगों को धोखा देने या अर्थव्यवस्था को धोखा देने के लिए उपयोग की जाती है। नकली के रूप में निर्धारित नोटों पर "नकली नोट" के रूप में मुहर लगाई जाएगी और भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा निर्धारित प्रारूप में जब्त किया जाएगा। ऐसे प्रत्येक जब्त किए गए नोट को एक अलग रजिस्टर में प्रमाणीकरण के तहत दर्ज किया जाएगा। भारतीय रिजर्व बैंक ने महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला के हिस्से के रूप में 2000 रुपये के मूल्यवर्ग में नए डिजाइन के बैंक नोट पेश किए थे।
नोट के पिछले हिस्से पर मंगलयान की आकृति है, जो अंतर्ग्रहीय अंतरिक्ष में देश के पहले उपक्रम को दर्शाती है। नोट का बेस कलर मैजेंटा है। नोट में जियोमैट्रिक पैटर्न के साथ दूसरी आकृतियां भी बनी हुई हैं। इसके अलावा इस नोट के कलर जियोमैट्रिकल पैटर्न में आगे और पीछे की तरफ अलाइन करते हैं। नए नोट का साइज 66mm x 166mm है।
2000 रुपये के नोट की जांच कैसे करें?
सबसे पहले डिनॉमिनेशनल न्यूमेरल 2,000 के साथ रजिस्टर के जरिए से देखें। इसके अलावा गुप्त रूप से इसमें 2,000 रुपये का इमेज भी बना हुआ है। नोट में हिंदी यानी देवनागरी लिपि में भी 2,000 रुपये छपा हुआ है। नोट के बीच में महात्मा गांधी की फोटो बनी हुई है। छोटे अक्षरों में भारत और इंडिया लिखा हुआ है। नोट पर भारत और इंडिया लिखा हुआ कलर शिफ्ट विंडो सेफ्टी थ्रेड भी है। नोट को एक तरफ झुकाने पर यह धागा हरे से नीला हो जाता है। इसके अलावा इस नोट पर महात्मा गांधी के चित्र के दाईं ओर गारंटी क्लॉज, प्रॉमिस क्लॉज के साथ गवर्नर के हस्ताक्षर और आरबीआई का प्रतीक है। नोट पर महात्मा गांधी का चित्र और इलेक्ट्रोटाइप (2000) वॉटरमार्क बना हुआ है। ऊपर बाईं ओर और नीचे दाईं ओर आरोही फॉन्ट में अंकों वाला नंबर पैनल मौजूद है। रुपये के सिंबल के साथ रंग बदलने वाली स्याही से नीचे की तरफ दाईं और 2,000 रुपये लिखा हुआ है। नोट के दाहिनी ओर अशोक स्तंभ का प्रतीक का प्रतीक बना हुआ है।
नेत्रहीनों के लिए भी हैं कुछ खासियतें
इसके अलावा 2,000 के नोट में कुछ ऐसी खासियतें भी मौजूद हैं जिससे कि नेत्रहीन व्यक्ति भी इनको आसानी से पहचान सकते हैं। जैसे कि महात्मा गांधी और अशोक स्तंभ की इंटैग्लियो या उभरी हुई छपाई। दाईं ओर ₹2000 के साथ हॉरिजेंटल रेक्टेंगुलर मार्क, बाईं और दाईं ओर सेवन एंगुलर ब्लीड लाइनें। नोट के बांई ओर जिस साल नोट छापा गया है वह साल लिखा हुआ है। स्लोगन के साथ स्वच्छ भारत अभियान का लोगो बनाया गया है। इसके अलावा नोट में एक लैंग्वेज पैनल भी है।