केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने मंगलवार को एक बयान में कहा, टैक्सपेयर्स की तरफ से वेरिफिकेशन के बाद इनकम टैक्स रिटर्न को प्रोसेस करने में लगने वाला एवरेज टाइम घटाकर 10 दिन कर दिया गया है। CBDT ने कहा कि बिना रुकावट के और इंस्टेंट टैक्स सर्विस देने के लिए इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को लगातार अपडेट किया जा रहा है।
CBDT ने कहा कि लगातार किए जा सुधारों के मुताबिक ही असेसमेंट ईयर 2023-24 के लिए दाखिल रिटर्न के लिए वेरिफिकेशन के बाद इनकम टैक्स रिटर्न का एवरेज प्रोसेसिंग टाइम घटा कर 10 दिनों का कर दिया गया है। इससे पहले साल 2019-20 में यह 82 दिनों का था। वहीं साल 2022 में यह 16 दिनों का था। बयान में कहा गया है कि इनकम टैक्स डिपार्टमेंट इंस्टेंट और कुशल तरीके से टैक्स रिटर्न (ITR) प्रोसेस करने के लिए प्रतिबद्ध है।
अभी तक दाखिल किए गए हैं इतने करोड़ ITR
5 सितंबर तक, असेसमेंट ईयर 2023-24 के लिए 6.98 करोड़ इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल किए गए, जिनमें से 6.84 करोड़ का वेरिफिकेशन किया जा चुका है। 5 सितंबर तक वेरिफाई टैक्स रिटर्न में से असेसमेंट ईयर 2023-24 के 6 करोड़ से ज्यादा टैक्स रिटर्न वेरिफाई किए जा चुके हैं, जिसकी वजह से 88 फीसदी से भी ज्यादा वेरिफाई रिटर्न प्रोसेस हो गए हैं। बयान में कहा गया है कि चालू असेसमेंट ईयर के लिए 2.45 करोड़ से ज्यादा रिफंड पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
गलत जानकारियों की वजह से रुक सकता है रिटर्न
CBDT ने यह भी कहा कि डिपार्टमेंट टैक्सपेयर्स से कुछ जानकारी या कार्रवाई के अभाव में कुछ प्रकार के कर रिटर्न को प्रोसेस करने में सक्षम नहीं है। सीबीडीटी ने कहा कि असेसमेंट ईयर 2023-24 के लिए लगभग 14 लाख आईटीआर को सोमवार तक टैक्सपेयर्स की तरफ से वेरिफाई किया जाना बाकी है। सीबीडीटी ने कहा, "रिटर्न को वेरिफाई करने में नाकाम होने की वजह से देरी होती है क्योंकि वेरिफिकेशन के बाद ही रिटर्न को प्रोसेस किया जा सकता है।