PM Kusum Yojana: किसानों की आर्थिक रूप से उन्नति के लिए केंद्र सरकार की ओर से कई तरह की योजनाएं चलाई जा रही हैं। अब किसानों को अपनी फसलों की सिंचाई के लिए इधर-उधर नहीं भटकना पड़ेगा। केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री कुसुम योजना (Pradhan Mantri Kusum Yojana) की शुरुआत की है। इस योजना के तहत किसानों को सोलर पंप लगाने के लिए सब्सिडी मुहैया कराई जाती है। इसके साथ ही किसान इस योजना के जरिए कमाई भी कर सकते हैं।
जानिए क्या है प्रधानमंत्री कुसम योजना
मोदी सरकार ने साल 2019 में प्रधानमंत्री कुसुम योजना की शुरुआत की थी। यह योजना ऊर्जा मंत्रालय की तरफ से चलाई जा रही है। इस योजना के तहत केंद्र सरकार की ओर से 30 फीसदी और राज्य सरकार की तरफ से 45 फीसदी सब्सिडी मुहैया कराई जाती है। कुल मिलाकर किसानों सोलर पंप लगाने के लिए 75 फीसदी सब्सिडी मिल जाती है। किसानों को सिर्फ 25 फीसदी पैसे देने होते हैं। इन पंपों को लगाने पर बीमा कवर भी मिलता है।
सिंचाई के लिए मिली बेहतर सुविधा
कृषि के क्षेत्र में सबसे ज्यादा संपन्न हरियाणा है। अगर इस राज्य की बात करें तो यहां करीब 80 लाख एकड़ जमीन कृषि योग्य है। इसमें से 75 फीसदी हिस्से में ही सिंचाई हो पाती है। बाकी जमीन पर सिंचाई (Irrigation) के लिए बारिश के भरोसे रहना पड़ता है। ऐसे में किसानों के लिए सोलर पंप (Solar Pump) बेहतर विकल्प साबित हो सकता है। सोलर पंप लगाने से किसानों डीजल के उतरते चढ़ते दामों से छुटकारा मिलेगा और अपनी आमदनी में इजाफा कर सकते हैं।
हरियाणा सरकार ने सोलर पंप को दिया बढ़ावा
हरियाणा में साल 2014 तक सिर्फ 492 सोलर पंप लगाए गए थे। मौजूदा समय में सरकार ने इसे गंभीरता से लिया और सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए एक रोडमैप तैयार किया गया। पिछले 7 सालों में 25,897 सोलर पम्प सेट लगाए हैं। साल 2021-22 के लिए 22,000 सोलर पंप (Solar Pump) देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जिसमें से अब तक 15,000 सोलर पंप मुहैया कराए जा चुके हैं। बाकी 7,000 सोलर पंप साल 2022 तक दिए जाएंगे। वहीं 2022-23 के लिए 50,000 सोलर पंप लगाए जाने हैं।