Gold Price: सात हफ्तों में 9,506 रुपये महंगा हुआ सोना, जल्द 90,000 जाएगा गोल्ड
Gold Price: भारत में बीते 7 हफ्तों में सोने का भाव 9,506 रुपये चढ़ा है। भारत और इंटरनेशनल मार्केट में सोने की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। शुक्रवार को भारतीय बाजार में सोने ने सातवें हफ्ते और अंतरराष्ट्रीय बाजार में आठवें हफ्ते बढ़ोतरी दर्ज की है
Gold Price: भारत में बीते 7 हफ्तों में सोने का भाव 9,506 रुपये चढ़ा है।
Gold Price: भारत में बीते 7 हफ्तों में सोने का भाव 9,506 रुपये चढ़ा है। भारत और इंटरनेशनल मार्केट में सोने की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। शुक्रवार को भारतीय बाजार में सोने ने सातवें हफ्ते और अंतरराष्ट्रीय बाजार में आठवें हफ्ते बढ़ोतरी दर्ज की है। वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, ट्रेड वार की आशंकाओं और भू-राजनीतिक तनावों के कारण सोने की कीमतें लगातार ऊंचाई पर बनी हुई हैं। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लगाए गए टैरिफ से भी सोने की मांग बढ़ी है। ऐसे में बड़ा सवाल है कि क्या गोल्ड जल्द 90,000 रुपये के स्तर को पार कर जाएगा।
भारत में सोने की कीमतें सात हफ्तों में 9,506 रुपये बढ़ी
भारतीय वायदा बाजार (MCX) पर सात हफ्तों में सोने की कीमतों में 9,506 रुपये की तेजी दर्ज की गई। सात हफ्ते पहले सोने का दाम 76,544 रुपये प्रति 10 ग्राम था, जो अब बढ़कर 86,020 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया है। इस हफ्ते शुक्रवार को ही सोने की कीमतों में 1.57% की बढ़त देखी गई।
सोने की कीमतों में उछाल के बड़े कारण
अमेरिका का टैरिफ लगाना
अमेरिका और यूरोप के बीच ट्रेड वार की संभावनाओं से बाजार में अस्थिरता बढ़ी है, जिससे सोने की मांग बढ़ी है। हाल ही में अमेरिका ने एल्युमिनियम और स्टील पर 25% टैरिफ लगाया था, जिससे निवेशकों को डर है कि आगे सोने पर भी टैक्स बढ़ सकता है।
कमजोर डॉलर इंडेक्स
अमेरिकी डॉलर के कमजोर होने से सोने की कीमतों को समर्थन मिला है, क्योंकि निवेशक इसे सुरक्षित संपत्ति (safe-haven asset) के रूप में देख रहे हैं।
बैंक और निवेश फंड की बढ़ती हिस्सेदारी
वैश्विक अनिश्चितताओं के चलते बैंक और निवेशक अपनी संपत्ति को सोने में बदल रहे हैं, जिससे सोने की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। अमेरिका और यूरोप के बीच टैरिफ विवाद ने ग्लोबल ट्रेड पर असर डाला है। अमेरिका में सोने की मांग इसलिए भी बढ़ रही है क्योंकि निवेशक आशंका जता रहे हैं कि सोने पर भी टैरिफ लगाया जा सकता है।
अमेरिका-UK के सोने के भंडार में बदलाव
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में अंतर के कारण बड़े बैंक अपनी सोने की भंडार की नीतियों में बदलाव कर रहे हैं। जेपी मॉर्गन और एचएसबीसी जैसे बड़े बैंक लंदन से न्यूयॉर्क में सोने के भंडार ट्रांसफर कर रहे हैं, जिससे अमेरिकी बाजार में सोने की उपलब्धता बढ़ गई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हाल ही में इंग्लैंड के केंद्रीय बैंक (Bank of England) के कुल सोने के भंडार का लगभग 2% न्यूयॉर्क शिफ्ट किया गया है।
भारत में आज सोने-चांदी के दाम
हालांकि MCX शनिवार को बंद रहता है, लेकिन देशभर में सोने की रिटेल दुकानें खुली रहती हैं। 22 फरवरी 2025 को मुंबई में 22 कैरेट सोना 80,240 रुपये प्रति 10 ग्राम पर स्थिर रहा, जबकि 24 कैरेट सोने की कीमत 87,740 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा। वहीं, चांदी की कीमत 1 लाख रुपये के पार बनी रही और यह 1,00,300 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रही थी।
भारत में सोने की कीमतों पर किसका पड़ता है असर
अंतरराष्ट्रीय बाजार की कीमतें – वैश्विक बाजार में सोने की कीमतों का सीधा असर भारतीय बाजार पर पड़ता है।
इंपोर्ट ड्यूटी और टैक्स – भारत में सोने का आयात किया जाता है, इसलिए सरकार के लगाए गए शुल्क और टैक्स कीमतों को प्रभावित करते हैं।
करेंसी एक्सचेंज रेट में उतार-चढ़ाव – भारतीय रुपये और अमेरिकी डॉलर के बीच विनिमय दर में बदलाव से सोने की कीमत प्रभावित होती है।
भारत में सोना सिर्फ निवेश का ऑप्शन ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और पारंपरिक महत्व भी रखता है। शादियों और त्योहारों के दौरान सोने की मांग बढ़ जाती है, जिससे कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिलता है। निवेशक और व्यापारी सोने की कीमतों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं ताकि बाजार में होने वाले बदलावों का फायदा उठाया जा सके।