Gold Rate Today: शुक्रवार, 13 फरवरी को सोने का भाव और नीचे आया है। आज सुबह राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट गोल्ड का रेट गिरकर 158540 रुपये प्रति 10 ग्राम रह गया। मुंबई में कीमत 158390 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है। वैश्विक बाजार में हाजिर सोना 5,062.46 डॉलर प्रति औंस रह गया है। अमेरिका में जनवरी का जॉब डेटा उम्मीद से अच्छा रहने से डॉलर में मजबूती आई। इससे सोने और चांदी की खरीद में कमी आई। अच्छे जॉब डेटा से निकट अवधि में फेडरल रिजर्व की ओर से प्रमुख ब्याज दर में कटौती की उम्मीदों को झटका लगा है। जनवरी में अमेरिका में जॉब ग्रोथ अचानक तेज हो गई और बेरोजगारी दर गिरकर 4.3% रह गई।
देश के कुछ बड़े शहरों में गोल्ड रेट
दिल्ली में सोने की कीमत: दिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 158540 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 145340 रुपये प्रति 10 ग्राम है।
मुंबई, चेन्नई और कोलकाता: वर्तमान में मुंबई, चेन्नई और कोलकाता में 22 कैरेट सोने की कीमत 145190 रुपये प्रति 10 ग्राम, जबकि 24 कैरेट सोने की कीमत 158390 रुपये प्रति 10 ग्राम है।
पुणे और बेंगलुरु में कीमत: इन दोनों शहरों में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 158390 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 145190 रुपये प्रति 10 ग्राम है।
दूसरी कीमती धातु चांदी में 13 फरवरी की सुबह तेजी है। कीमत 295100 रुपये प्रति किलोग्राम पर है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी का हाजिर भाव 82.84 डॉलर प्रति औंस पर है। एक दिन पहले मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर मार्च में डिलीवरी वाले सिल्वर कॉन्ट्रैक्ट्स का वायदा भाव नीचे आया था। इससे पहले चांदी जनवरी में 4 लाख रुपये के पार निकल गई थी।
सोने-चांदी में निवेश की स्ट्रैटेजी
मौजूदा निवेशकों के लिए एमके वेल्थ मैनेजमेंट की सलाह है कि डायवर्सिफाइड पोर्टफोलियो में नपा-तुला निवेश बनाए रखें। मार्केट में गिरावट के दौरान निवेश धीरे-धीरे बढ़ाते रहें। अगर पोर्टफोलियो में सोना और चांदी का हिस्सा मिलकर, कुल एसेट्स के 25–30% से ज्यादा हो जाए तो एलोकेशन का रिव्यू करें। ऐसा इसलिए, ताकि रणनीतिक निवेश बरकरार रखते हुए प्रॉफिट बुकिंग का अंदाजा लगाया जा सके।
नए निवेशकों के लिए सलाह है कि निवेश का एक अनुशासन भरा तरीका अपनाएं। कुल पोर्टफोलियो का लगभग 5–10% सोने-चांदी में एलोकेट करें। उतारचढ़ाव कम रखने के लिए थोड़ा-थोड़ा करके निवेश करें। इसके लिए फिजिकल गोल्ड, गोल्ड और सिल्वर ETF, म्यूचुअल फंड या दूसरे मेटल-लिंक्ड प्रोडक्ट जैसे ऑप्शंस का इस्तेमाल करें।