दिल्ली में लगातार दूसरे दिन सोने में तेजी आई। 5 नवंबर को दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 2,200 रुपये चढ़कर 1,48,800 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। 6 नवंबर यानी शुक्रवार को धनेतरस है। धनतेरस पर सोना और चांदी खरीदना शुभ माना जाता है। ट्रेडर्स का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार के संकेत और ज्वेलर्स की अच्छी मांग से गुरुवार को सोने में तेजी आई।
चांदी में 1500 रुपये का उछाल
चांदी में भी लगातार दूसरे दिन तेजी दिखी। यह 1,500 रुपये चढ़कर 1,94,500 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। ट्रेडर्स का कहना है कि त्योहारों से पहले सोने और चांदी की खरीदारी में लोगों की दिलचस्पी बढ़ी है। शुक्रवार को धनतेरस है। रविवार को दिवाली है। इन दोनों ही मौकों पर सोना और चांदी खरीदना शुभ माना जाता है।
पिछले साल धनतेरस पर सोने का भाव
पिछले साल धनतेरस के दिन सोने का भाव 1,32,400 रुपये प्रति 10 ग्राम था। तब चांदी 1.7 लाख रुपये प्रति किलोग्राम थी। हालांकि, इससे एक साल पहले यानी 2024 के धनतेरस पर सोना खरीदने वाले लोगों को 2025 में धनतेरस पर शानदार रिटर्न मिला था। इस साल जनवरी में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं। उसके बाद उनमें गिरावट आई।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने में तेजी
अंतरराष्ट्रीय बाजार में आज भी सोने और चांदी में तेजी दिखी। स्पॉट गोल्ड करीब 2 फीसदी यानी 65 डॉलर चढ़कर 4,125 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। सिल्वर स्पॉट फीसदी चढ़कर 52 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। 4 नवंबर को भी दोनों में जबर्दस्त तेजी दिखी थी। इसकी वजह क्रूड ऑयल की कीमतों में नरमी है। क्रूड में 4 नवंबर को तेज गिरावट आई थी। आज भी ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे है।
क्रूड में नरमी से महंगाई पर घटेगा दबाव
क्रूड में उछाल से महंगाई बढ़ने का डर बढ़ जाता है। महंगाई को बढ़ने से रोकने के लिए केंद्रीय बैंकों को इंटरेस्ट रेट बढ़ाना पड़ता है। इसका खराब असर सोने की कीमतों पर पड़ता है। इंटरेस्ट रेट बढ़ने पर सोने की चमक घट जाती है। क्रूड में नरमी से महंगाई बढ़ने की आशंका घटी है, जिससे सोने को सपोर्ट मिला है।