Gold Silver Prices Today: दिल्ली में सोने की कीमत लगातार दूसरे दिन गिरी, चांदी के भाव में कोई बदलाव नहीं

Gold Silver Prices Today: घरेलू बाजार में सोने की कीमत लगातार दूसरे दिन गिरी। चांदी का भाव स्थिर रहा, लेकिन अंतरराष्ट्रीय बाजार में यह तीन महीने के निचले स्तर पर पहुंच गई। मजबूत डॉलर, कमजोर मांग और RBI की दर बढ़ोतरी से बाजार में हलचल बढ़ी। जानिए लेटेस्ट प्राइस और बाकी डिटेल।

अपडेटेड Oct 07, 2026 पर 7:25 PM
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24 कैरेट वाला सोना भी एक हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गया।

Gold Silver Prices Today: घरेलू बाजार में सोने की कीमत में लगातार दूसरे दिन गिरावट आई। बुधवार को दिल्ली में सोना 700 रुपये सस्ता हुआ। इसका भाव 1,48,900 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा। मंगलवार को यह 1,49,600 रुपये पर था।

24 कैरेट वाला सोना भी एक हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गया। 29 सितंबर को इसका भाव 1,48,600 रुपये प्रति 10 ग्राम था।

कमजोर मांग का असर


HDFC सिक्योरिटीज के सीनियर एनालिस्ट सौमिल गांधी के मुताबिक, घरेलू बाजार में सोने की मांग कमजोर रही। ऊपर से ग्लोबल मार्केट में भी संकेत अच्छे नहीं थे। इसका सीधा असर सोने की कीमत पर पड़ा।

पश्चिम एशिया में तनाव के चलते कच्चे तेल की सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी है। इसके कारण क्रूड की कीमत फिर चढ़ी। इसका भी सोने पर दबाव पड़ा।

रुपये की कमजोरी ने संभाला

हालांकि, रुपये की कमजोरी ने सोने की कीमत को ज्यादा गिरने से रोक दिया। बुधवार को रुपया डॉलर के मुकाबले 43 पैसे टूटकर 96.78 के स्तर पर बंद हुआ।

कमजोर रुपया आमतौर पर भारत में आयात होने वाले सोने को महंगा करता है। इसलिए घरेलू बाजार में सोने की गिरावट कुछ सीमित रही।

चांदी 2.27 लाख रुपये पर स्थिर

चांदी की कीमत में बुधवार को कोई बदलाव नहीं हुआ। यह लगातार तीसरा कारोबारी सत्र है, जब चांदी 2.27 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बनी हुई है।

हालांकि, ग्लोबल मार्केट में चांदी की हालत कमजोर रही। इसकी कीमत 2.26% गिरकर 59.97 डॉलर प्रति औंस पर आ गई। यह करीब तीन महीने का निचला स्तर है। चांदी इससे पहले 9 जुलाई को इस स्तर के आसपास थी।

ग्लोबल मार्केट में सोना भी दबाव में

अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड 47.42 डॉलर यानी 1.14% गिरकर 4,116.55 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। ग्लोबल ट्रेड में सोना करीब 4,120 डॉलर के आसपास बना हुआ है।

मुद्रेक्स के लीड क्वांट एनालिस्ट अक्षत सिद्धांत के मुताबिक, अब बाजार की नजर अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के मिनट्स पर है। इससे आगे ब्याज दरों को लेकर तस्वीर साफ हो सकती है।

मजबूत डॉलर भी बना दबाव

डॉलर इस समय करीब 18 महीने के उच्च स्तर पर है। मजबूत डॉलर से सोने की कीमत पर दबाव बढ़ता है। दिसंबर में अमेरिकी ब्याज दर बढ़ने की संभावना करीब 70% मानी जा रही है।

यानी फिलहाल सोने के लिए माहौल बहुत मजबूत नहीं दिख रहा। ग्लोबल ब्याज दरों और डॉलर की चाल आगे भी इसकी कीमत तय करने में अहम रहेगी।

RBI की दर बढ़ोतरी से भी बदला माहौल

इधर, भारतीय रिजर्व बैंक ने भी बुधवार को बड़ा फैसला लिया। RBI ने रेपो रेट 25 बेसिस प्वाइंट बढ़ाकर 5.50% कर दिया। करीब चार साल में यह पहली बढ़ोतरी है।

RBI ने यह कदम बढ़ती महंगाई और कमजोर रुपये के बीच उठाया है। केंद्रीय बैंक ने आगे भी दरें बढ़ाने के संकेत दिए हैं।

आगे 75 बेसिस प्वाइंट बढ़ोतरी की उम्मीद

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज की चीफ इकोनॉमिस्ट राधिका पिपलानी के मुताबिक, RBI ने अपना रुख न्यूट्रल से बदलकर ‘कैलिब्रेटेड टाइटनिंग’ कर दिया है।

उनका मानना है कि इस साइकिल में RBI कुल 75 बेसिस प्वाइंट तक दरें बढ़ा सकता है। इससे रेपो रेट 6.25% तक पहुंच सकता है। इसमें दिसंबर में 25 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी भी शामिल है। बाजार इस बढ़ोतरी की काफी हद तक उम्मीद पहले से कर रहा है।

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