इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने के लिए मुश्किल से 2-3 दिन बचे हैं। 31 जुलाई के बाद रिटर्न फाइल करने पर पेनाल्टी लगेगी। साथ ही टैक्स पर इंटरेस्ट चुकाना होगा। इनकम टैक्स रिटर्न आप खुद फाइल कर सकते हैं। यह मुश्किल नहीं है। मनीकंट्रोल आपको ऐसी कुछ वेबसाइट्स के बारे में बता रहे हैं, जो इस काम में आपकी मदद कर सकती हैं। हम यह भी बता रहे हैं कि आपको इन वेबसाइट्स का इस्तेमाल किस तरह से करना है।
इनकम टैक्स का ई-फाइलिंग पोर्टल
इनकम टैक्स डिपार्टमेंट का ई-फाइलिंग पोर्टल रिटर्न फाइल करने के लिए अथॉराइज्ड पोर्टल है। इस पोर्टल का इस्तेमाल करने के लिए आपको incometax.gov.in पर जाना होगा। इस पर लॉग-इन करने के बाद आपको ई-फाइल मेन्यू पर जाकर इनकम टैक्स रिटर्न सेलेक्ट करना होगा। यहां सही आईटीआर फॉर्म का चुनाव कर रिटर्न भर सकते हैं। आखिर में आपको फॉर्म सब्मिट करना होगा। उसके बाद आपको आईटीआर को ई-वेरिफाइ करना होगा।
यह वेबसाइट इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की सुविधा देती है। इसके लिए आपको फीस चुकानी होगी। आपको इस वेबसाइट का इस्तेमाल करने के लिए अकाउंट या लॉग-इन क्रिएट करना होगा। उसके बाद 'फाइल योर टैक्स ऑप्शन' पर जाकर अपने लिए सही आईटीआर फॉर्म को सेलेक्ट करना होगा। फॉर्म में सभी डिटेल भरने के बाद फॉर्म को रिव्यू करना होगा। फिर सब्मिट करना होगा। फिर आपको ई-वेरिफिकेशन के लिए कहा जाएगा।
यह वेबसाइट भी टैक्स फाइलिंग में मदद करती है। इसके लिए आपको Tax2win.in पर जाना होगा। पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन के बाद आपका लॉग-इन करना होगा। फिर 'फाइल योर रिटर्न' सेलेक्ट करना होगा। अपने लिए सही आईटीआर फॉर्म का इस्तेमाल करना होगा। फिर अपनी टैक्स डिटेल भरना होगा। इस साइट पर हर स्टेप पर आपको मदद मिलेगी।
इस पोर्टल के इस्तेमाल के लिए आपको www.myitreturn.com पर जाना होगा। इस पोर्टल पर भी आपको हर स्टेप पर मदद मिलेगी। इसकी वजह यह है कि इसका यूजर इंटरफेस काफी फ्रेंडली है। इस पोर्टल पर सभी तरह के आइटीआर फॉर्म उपलब्ध हैं, जिसमें आप अपने लिए सही आईटीआर फॉर्म को सेलेक्ट कर सकते हैं। फिर सभी डिटेल भरने के बाद फॉर्म को सब्मिट और वेरिफाइ कर सकते हैं।
यह वेबसाइट भी टैक्सपेयर्स को रिटर्न फाइलिंग की सुविधा ऑफर करती है। इस साइट का इस्तेमाल इंडिविजुअल्स, प्रोफेशनल और बिजनेसेज रिटर्न फाइल करने के लिए कर सकते हैं। इस प्लेटफॉर्म का इंटरफेस इस्तेमाल के लिए काफी आसान है। यह साइट पूरे प्रोसेस के दौरान चैट के जरिए सपोर्ट उपलब्ध कराती है।
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इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने से पहले आपको सभी जरूरी डॉक्युमेंट्स जुटा लेना चाहिए। इनमें फॉर्म 16, बैंक स्टेटमेंट्स और डिडक्शंस के प्रूफ शामिल हैं। उसके बाद आईटीआर फॉर्म को भरने के बाद उसे दोबारा चेक करना जरूरी है। आखिर में ई-वेरिफिकेशन बहुत जरूरी है। रिटर्न सब्मिट करने के 30 दिन के अंदर फॉर्म वेरिफाइ हो जाना चाहिए।