New Rules from 1 November 2025: 1 नवंबर 2025 से देशभर में बैंकिंग और फाइनेंशियल सेक्टर से जुड़े कई अहम बदलाव लागू होने जा रहे हैं। इन बदलावों का सीधा असर आम ग्राहकों, सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स पर पड़ेगा। इनमें बैंक नॉमिनेशन की नई सुविधा, SBI कार्ड के बदले हुए चार्ज, यूनिफाइड पेंशन स्कीम की नई डेडलाइन और जीवन प्रमाण पत्र जमा करने के प्रोसेस में बदलाव शामिल है। आइए जानते हैं इन नियमों के बारे में..
1. बैंक खातों में अब जोड़ सकेंगे चार नॉमिनी
बैंक खाताधारकों को अब बड़ी राहत मिलने वाली है। 1 नवंबर से खाते में केवल एक नहीं बल्कि चार नॉमिनी जोड़ने की सुविधा मिलेगी। अब तक ग्राहक सिर्फ एक ही व्यक्ति को नॉमिनी बना सकते थे।
2. SBI कार्ड पर 1% चार्ज – एजुकेशन पेमेंट और वॉलेट टॉप-अप पर असर
देश के सबसे बड़े बैंकिंग समूह SBI कार्ड ने अपने चार्ज स्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव किया है। 1 नवंबर से अगर आप किसी थर्ड-पार्टी प्लेटफॉर्म जैसे CRED, Cheq या MobiKwik के जरिए स्कूल या कॉलेज की फीस भरते हैं, तो उस पर अब 1% शुल्क लगेगा।
हालांकि, अगर पेमेंट सीधे स्कूल या कॉलेज की वेबसाइट या उनके POS मशीन से किया जाता है, तो कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं लिया जाएगा।
इसके अलावा कुछ मर्चेंट कैटेगरी में 1,000 रुपये से अधिक वॉलेट टॉप-अप करने पर भी 1% चार्ज लागू होगा। यह कदम डिजिटल पेमेंट सिस्टम को और पारदर्शी बनाने के काम आएगा।
3. यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) की समयसीमा बढ़ी
केंद्र सरकार ने अपने कर्मचारियों को राहत देते हुए यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) में शामिल होने की अंतिम तिथि 30 नवंबर 2025 तक बढ़ा दी है। पहले यह डेडलाइन 30 सितंबर थी।
वित्त मंत्रालय के मुताबिक, कर्मचारियों और यूनियनों की मांग पर यह फैसला लिया गया है, क्योंकि UPS में हाल ही में कुछ अहम बदलाव किए गए हैं। जैसे स्विच विकल्प, रिटायरमेंट और टैक्स छूट से जुड़े नए प्रावधान। इन बदलावों के कारण कई कर्मचारियों ने समय बढ़ाने की अपील की थी।
4. पेंशनर्स के लिए जीवन प्रमाण पत्र (Life Certificate) का प्रोसेस हुआ शुरू
हर साल की तरह, केंद्रीय और राज्य सरकार के पेंशनर्स को 1 नवंबर से 30 नवंबर 2025 के बीच जीवन प्रमाण पत्र (Jeevan Pramaan) जमा करना होगा। यह प्रमाण पत्र पेंशन जारी रखने के लिए जरूरी होता है। पेंशनर्स इसे बैंक, पोस्ट ऑफिस या डिजिटल माध्यम से जमा कर सकते हैं। समय पर प्रमाण पत्र जमा करने से पेंशन में कोई रुकावट नहीं आती। वहीं, 80 साल से अधिक उम्र के पेंशनर्स को पहले ही 1 अक्टूबर से यह सुविधा दी गई है ताकि वे बिना किसी परेशानी के प्रमाण पत्र जमा कर सकें।