कई लोग नौकरी तो इंडिया में शुरू करते हैं, लेकिन बाद में उनका ट्रांसफर विदेश हो जाता है। खासकर आईटी कंपनियों में ऐसा देखने को मिलता है। इंडिया में नौकरी के दौरान इंप्लॉई पीपीएफ (PPF) अकाउंट खोल लेता है। हर महीने वह इसमें इनवेस्ट भी करता है। लेकिन, विदेश ट्रांसफर होने के बाद उसे मुश्किल आती है। NRI बन जाने के बाद तो उसे लगता है कि वह इंडिया में अपने PPF अकाउंट में कंट्रिब्यूशन जारी नहीं रख सकता। आइए जानते हैं इस बारे में क्या नियम है।
