EPF: आप नौकरी में हैं और हर महीने आपकी सैलरी से PF कटता है। क्या आपको पता है 10, 15 या 20 साल आपके ईपीएफ खाते में कितना फंड यानी पैसा इकट्टा हो जाएगा। कर्मचारी भविष्य निधि यानी EPF एक रिटायरमेंट सेविंग प्लान, जो आपकी नौकरी के दौरान छोटी-छोटी रकम जोड़कर रिटायरमेंट तक एक बड़ा फंड तैयार करता है। EPF को सरकार की संस्था EPFO संभालती है। ये एक सरकारी एजेंसी है।
सैलरी से कितना फीसदी जाता है EPF में
EPF स्कीम में आपकी सैलरी का 12% हिस्सा हर महीने कटता है। उतना ही हिस्सा आपकी कंपनी की तरफ से भी जोड़ा जाता है। हालांकि, कंपनी के 12% में से 8.33% हिस्सा पेंशन स्कीम (EPS) में जाता है और बाकी 3.67% हिस्सा EPF में जमा होता है। इस जमा रकम पर हर साल ब्याज मिलता है। मौजूदा फाइनेंशियल साल 2024-25 के लिए सरकार ने इस पर 8.25% ब्याज तय किया है।
सालाना कितना जमा होगा EPF
अब मान लीजिए कि आपकी बेसिक सैलरी और डीए यानी महंगाई भत्ता मिलाकर 25,000 रुपये मंथली है। ऐसे में हर महीने आपकी तरफ से 3,000 रुपये और कंपनी की तरफ से 917.50 रुपये EPF खाते में जाएगा। यानी कुल 3,917.50 रुपये हर महीने और 47,010 रुपये सालाना जमा होंगे।
10, 15 या 20 साल बाद कितना हो जाएगा EPF में पैसा
अगर यह योगदान लगातार किया जाए और कोई बीच में पैसा न निकाला जाए, तो ब्याज के साथ यह रकम बहुत बढ़ सकती है। उदाहरण के लिए 10 साल तक योगदान करने पर आपका PF बैलेंस करीब 7.45 लाख रुपये के आसपास हो जाएगा। इसी तरह, अगर आप 15 साल तक बिना निकासी के योगदान जारी रखते हैं, तो यह रकम करीब 14.08 लाख रुपये तक पहुंच सकती है। और 20 साल बाद ये रकम करीब 23.09 लाख रुपये तक हो सकती है।
यह ध्यान देना जरूरी है कि ये आंकड़े एक अनुमान पर आधारित हैं। जैसे कि सैलरी में कोई बदलाव न हो, ब्याज दर स्थिर रहे और ईपीएफ खाते से बीच में कोई पैसा न निकाला जाए। अगर सैलरी बढ़ती है या ब्याज दर बदलती है तो रकम भी उसी हिसाब से बदलेगी।
टैक्स फ्री होता है इंटरेस्ट
EPF की खास बात यह है कि इसमें मिलने वाला ब्याज टैक्स फ्री होता है और यह एक तय निवेश का ऑप्शन है। साथ ही आप जरूरत पड़ने पर इसका कुछ हिस्सा बीच में निकाल सकते हैं, जैसे कि घर खरीदने, बच्चे की पढ़ाई या शादी जैसे कामों के लिए।