एक ही घर में अलग-अलग रूफ टॉप सोलर पर कितनी बार सब्सिडी ली जा सकती है? PM Surya स्कीम का खास नियम जानिए
Roof Top Solar Scheme Explained: अगर आप 3 kW का सोलर सिस्टम लगवाते हैं, तो आप हर साल करीब ₹15000 की सीधी बचत कर सकते हैं। हर महीने 300 यूनिट तक बिजली इस्तेमाल करने वाला परिवार सोलर पैनल से बिजली बनाकर अपना करीब ₹1800 से ₹1875 का मासिक बिजली बिल बचा सकता है
इस स्कीम में सरकार 2 किलोवाट तक के सोलर सिस्टम की लागत पर 60% सब्सिडी देती है
PM Surya Ghar Scheme Rules: भयंकर गर्मी और बिजली कटौती के बीच सरकार की 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' लोगों के लिए एक बड़ी राहत की उम्मीद बनी हुई है। वैसे अक्सर घरों में या एक से अधिक प्रॉपर्टी रखने वाले मकान मालिकों के मन में यह सवाल उठता है कि, अगर किसी व्यक्ति के नाम पर एक ही घर में अलग-अलग हिस्सों के लिए एक से ज्यादा बिजली कनेक्शन हैं, या उसके नाम पर एक से ज्यादा घर हैं, तो क्या वह हर कनेक्शन पर अलग से सरकारी सब्सिडी ले सकता है?
सरकार की आधिकारिक गाइडलाइन के मुताबिक ऐसा संभव है। आइए इस खास नियम, सब्सिडी के गणित और आवेदन की पूरी प्रक्रिया को आसान भाषा में समझते हैं।
नाम नहीं, 'बिजली मीटर' की है असली जरूरत
पीएम सूर्य घर योजना की गाइडलाइंस के अनुसार, सरकार की मिलने वाली सब्सिडी किसी व्यक्ति के नाम से नहीं, बल्कि उसके बिजली कनेक्शन नंबर से जुड़ी होती है।
इस स्कीम में यूनीक आइडेंटिफायर आपका बिजली का मीटर नंबर होता है। इसका मतलब है कि सब्सिडी पूरी तरह से आपके रेजिडेंशियल बिजली मीटर से लिंक है, न कि उपभोक्ता के नाम से।
अगर किसी मकान मालिक के नाम पर एक से ज्यादा वैलिड रेजिडेंशियल बिजली कनेक्शन हैं, तो वह हर एक कनेक्शन के लिए अलग से सब्सिडी का आवेदन कर सकता है। जब तक हर आवेदन के साथ एक अलग और वैध रेजिडेंशियल उपभोक्ता नंबर जुड़ा है, तब तक सब्सिडी की संख्या पर कोई रोक नहीं है।
किसे मिलेगा इसका सबसे बड़ा फायदा?
यह नियम उन लोगों के लिए बेहद फायदेमंद है जिन्होंने अपने एक ही बड़े घर में अलग-अलग फ्लोर या हिस्सों के लिए अलग-अलग बिजली मीटर लगवा रखे हैं। वे दोनों हिस्सों की छतों पर सोलर लगाकर दोनों मीटरों पर अलग-अलग सब्सिडी पा सकते हैं। इसी तरह, अगर किसी के पास एक से अधिक रेजिडेंशियल प्रॉपर्टीज हैं, तो वह पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत हर घर के लिए अलग से इसका लाभ उठा सकता है।
सोलर सब्सिडी का पूरा गणित
सरकार 2 किलोवाट (kW) तक के सोलर सिस्टम की लागत पर 60% सब्सिडी देती है। इसके बाद 2 से 3 kW के बीच की अतिरिक्त क्षमता पर 40% सब्सिडी दी जाती है। इस योजना में सब्सिडी की अधिकतम सीमा 3 kW क्षमता तक ही तय की गई है:
1 kW सिस्टम के लिए: ₹30000 की सब्सिडी।
2 kW सिस्टम के लिए: ₹60000 की सब्सिडी।
3 kW या उससे अधिक क्षमता के लिए: अधिकतम ₹78000 की सब्सिडी।
सालाना ₹15000 की पक्की बचत
अगर आप 3 kW का सोलर सिस्टम लगवाते हैं, तो आप हर साल करीब ₹15000 की सीधी बचत कर सकते हैं। हर महीने 300 यूनिट तक बिजली इस्तेमाल करने वाला परिवार सोलर पैनल से बिजली बनाकर अपना करीब ₹1800 से ₹1875 का मासिक बिजली बिल बचा सकता है।
पैसे नहीं है तो लोन की भी है सुविधा
सोलर लगवाने के लिए बैंकों से बिना किसी गारंटी के करीब 7% ब्याज दर पर लोन मिल रहा है। यह ब्याज दर आरबीआई के रेपो रेट से महज 0.5% ऊपर तय की गई है। अगर आप लोन लेते हैं और उसकी किस्त करीब ₹610 महीना भी जाती है, तब भी बिल की बचत काटकर आपको हर महीने करीब ₹1265 और सालाना ₹15000 का शुद्ध मुनाफा होगा।
कौन कर सकता है अप्लाई?
आवेदक का भारतीय नागरिक होना अनिवार्य है।
उपभोक्ता के पास अपना खुद का घर होना चाहिए, जिसकी छत सोलर पैनल लगाने के लिए पर्याप्त हो।
उस घर में एक वैध और चालू रेजिडेंशियल बिजली कनेक्शन होना चाहिए।
परिवार ने पहले कभी सोलर पैनल के लिए किसी अन्य सरकारी सब्सिडी का लाभ न लिया हो।
स्टेप-बाय-स्टेप अप्लाई करने का तरीका
सब्सिडी पाने के लिए उपभोक्ता को सरकार के नेशनल पोर्टल www.pmsuryaghar.gov.in पर जाकर नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करना होगा:
स्टेप 1: पोर्टल पर रजिस्टर करें। अपने राज्य और बिजली वितरण कंपनी (DISCOM) को चुनें। अपना उपभोक्ता नंबर, मोबाइल नंबर और ईमेल दर्ज करें।
स्टेप 2: लॉग-इन करके रूफटॉप सोलर के लिए दिए गए फॉर्म को भरें।
स्टेप 3: डिस्कॉम से तकनीकी मंजूरी मिलने के बाद, पोर्टल पर रजिस्टर्ड वेंडर्स में से किसी से भी अपने घर पर सोलर प्लांट इंस्टॉल करवाएं।
स्टेप 4: इंस्टॉलेशन पूरा होने पर प्लांट की डिटेल्स पोर्टल पर सबमिट करें और नेट मीटर के लिए अप्लाई करें।
स्टेप 5: नेट मीटर लगने और डिस्कॉम अधिकारियों द्वारा इंस्पेक्शन के बाद पोर्टल पर एक कमीशनिंग सर्टिफिकेट जारी किया जाएगा।
स्टेप 6: कमीशनिंग रिपोर्ट मिलने के बाद पोर्टल पर अपने बैंक खाते की जानकारी और कैंसिल्ड चेक अपलोड करें। आवेदन के 30 दिनों के भीतर सब्सिडी की रकम सीधे आपके बैंक खाते में क्रेडिट कर दी जाएगी।