धारावी (Dharavi) के पुनर्विकास और निर्माण कार्य में तीन कंपनियों ने दिलचस्पी दिखाई है। महाराष्ट्र के Slum Rehabilitation Authority (SRA) ने 15 नवंबर को यह जानकारी दी। मुंबई स्थित धारावी एशिया के सबसे बड़े स्लम में से एक है। इसके पुनर्निर्माण पर 20,000 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
इस साल 1 अक्टूबर को SRA ने रिडेवलपमेंट के लिए एक टेंडर फ्लोट किया था। प्री-बिड मीटिंग 11 अक्टूबर को होने वाली थी। बिड सब्मिट करने की आखिरी तारीख 31 अक्टूबर थी। बाद में इसे बढ़ाकर 15 नवंबर कर दिया गया था।
धारावी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट के सीईओ एसवीआर श्रीनिवास ने कहा, "हमें धारावी रिहैब्लिटेशन प्रोजक्ट के लिए लिए तीन बिड मिले हैं। 15 नवंबर बिड सब्मिट करने की आखिरी तारीख थी।" अधिकारियों के मुताबिक, तीनों बिड को 16 नवंबर को खोले जाने की उम्मीद है। उसके बाद टेक्निकल और फाइनेंशियल एलिजिबिलिटी के आधार पर इनकी जांच की जाएगी।
11 अक्टूबर को हुई प्री-बिड मीटिंग में कुल मिलाकर 8 कंपनियों ने दिलचस्पी दिखाई थी। इनमें इंडिया, UAE और दक्षिण कोरिया की कंपनियां शामिल थीं। इससे पहले दो कंपनियों ने इस प्रोजेक्ट में दिलचस्पी दिखाई थी। लेकिन टेंडर को अक्टूबर 2020 में रद्द कर दिया गया था। तकनीकी कारणों के आधार पर राज्य की पूर्व सरकार ने इसे रद्द किया था। इन दो कंपनियों में अडानी ग्रुप और दुबई की सेक-लिंक ग्रुप शामिल थीं।
महाराष्ट्र सरकार ने इस साल के अंत तक बिडिंग प्रोसेस पूरा कर लेने का टारगेट रखा है। बिड हासिल करने वाली कंपनी को इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 7 साल का समय मिलेगा। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने पर 56,000 से ज्यादा परिवारों को यहां फिर से बसाया जाएगा। इस स्लम में रहने वाले हर परिवार को 405 वर्ग फीट कारपेट एरिया का घर मिलेगा।
श्रीनिवास ने 1 नवंबर को एक इंटरव्यू में बताया था कि धारावी में अगला बांद्रा कुर्ला कॉम्पलेक्स बनने की संभावना है। मुंबई के इस सेंट्रल उपनगर में एक करोड़ वर्ग फीट से ज्यादा में कंस्ट्रक्शन होने की उम्मीद है। यह 17 साल में पूरा होगा। इसमें से 70-80 लाख वर्ग फीट का इस्तेमाल रिहैब्लिटेशन के लिए होगा। बाकी को ओपन मार्केट में सेल किया जाएगा।