बड़ी मेहनत के बावजूद जब सफलता हाथ नहीं लगती, तो मन में बार-बार यही सवाल उठता है कि आखिर गलती कहां हो रही है? कई बार ऐसा भी होता है कि काम बनते-बनते अटक जाते हैं या ऐन मौके पर कोई रुकावट आ जाती है। वैदिक ज्योतिष के अनुसार, इसका कारण हमारे जीवन में ग्रहों की विपरीत स्थिति हो सकती है, जिनमें से एक सबसे प्रभावशाली ग्रह है शनि। शनि की दशा जब प्रतिकूल होती है, तो व्यक्ति को कठिनाइयों, रुकावटों और असफलताओं का सामना करना पड़ता है। लेकिन चिंता करने की जरूरत नहीं, क्योंकि ज्योतिष में शनिवार के दिन किए गए कुछ सरल और प्रभावशाली उपाय बताए गए हैं, जो शनि देव को प्रसन्न कर सकते हैं।
इन उपायों से ना सिर्फ रुके हुए काम बनने लगते हैं, बल्कि जीवन में स्थिरता और सकारात्मकता भी लौट आती है। आइए जानें ऐसे ही कुछ आसान लेकिन असरदार उपाय।
जब सूर्य अस्त हो जाए तभी करें ये उपाय
शनिवार की शाम, सूर्यास्त के बाद का समय इस खास उपाय के लिए सबसे शुभ माना गया है। आपको करना ये है:
एक चम्मच सरसों का तेल लें।
सफेद फूल वाले आंकड़े के पौधे की जड़ में यह तेल चुपचाप डालें।
अपनी मनोकामना मन में दोहराएं और कोई आपको देखे नहीं, इसका ध्यान रखें।
साथ ही “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जप करते रहें।
ये उपाय लगातार 21 शनिवार तक करें। नियमितता और गोपनीयता इसमें सबसे महत्वपूर्ण हैं।
अगर ये उपाय श्रद्धा और विधिपूर्वक किया जाए, तो भगवान शिव की कृपा से आपके अटके हुए काम बनने लगेंगे। ये खासकर उन लोगों के लिए कारगर है जो मेहनती हैं लेकिन बार-बार असफलता का सामना कर रहे हैं।
शनि देव को प्रसन्न करने के अन्य असरदार टोटके
1. पीपल की परिक्रमा और मंत्र जाप
यदि आप साढ़े साती या ढैय्या के प्रभाव में हैं, तो शनिवार को पीपल के पेड़ की 7 बार परिक्रमा करें और “ऊं शं शनैश्चराय नम:” का जाप करें।
2. चींटियों को खिलाएं तिल और आटा
शनिवार को काली तिल, गेहूं का आटा और शक्कर मिलाकर चींटियों को खिलाएं। ये छोटा सा काम आपको शनि की कृपा दिला सकता है।
कुत्तों और काली गाय को रोटी खिलाना तथा पक्षियों को दाना डालना भी शनि के दोष को शांत करने में मददगार होता है।
शनिवार को सुबह या शाम नंगे पैर हरी घास पर टहलें। ये शनि से विनम्रता और धैर्य की सीख लेने का प्रतीक है, जिससे जीवन की परेशानियां घटने लगती हैं।