Vaibhav Sooryavanshi: क्रिकेट की ऐसी दीवानगी! प्रैक्टिस छूटते ही बेचैन हो जाते हैं वैभव सूर्यवंशी, खुद खोला ये राज

Vaibhav Sooryavanshi: क्रिकेट की नई सनसनी बने वैभव सूर्यवंशी ने अपने सफर में नेट्स पर अनगिनत गेंदों का सामना किया है। इतनी मेहनत के बावजूद उन्हें लंबे समय तक आराम करना पसंद नहीं है। उनका कहना है कि अगर वह एक दिन भी अभ्यास नहीं करते, तो उन्हें लगता है कि उनकी जिंदगी की रफ्तार धीमी हो गई है। बिहार के समस्तीपुर के रहने वाले 15 वर्षीय वैभव अपनी कड़ी मेहनत और अनुशासन के लिए जाने जाते हैं

अपडेटेड May 29, 2026 पर 5:05 PM
Story continues below Advertisement
अपनी बल्लेबाजी से तहलका मचा रहे वैभव सूर्यवंशी की चर्चा भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में हो रही है।

इंडियन प्रीमियर लीग 2026 में अपनी बल्लेबाजी से तहलका मचा रहे वैभव सूर्यवंशी की चर्चा भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में हो रही है। बीते बुधवार खेले गए सनराइजर्स हैदराबाद के ख़िलाफ़ सूर्यवंशी ने रिकॉर्ड्स का अंबार लगा दिया। लेकिन, इसमें भी एक ख़ास रिकॉर्ड ये रहा कि उन्होंने एक दशक से ज़्यादा समय तक टिके क्रिस गेल के एक सीजन में सबसे ज़्यादा 59 छक्के के रिकॉर्ड को तोड़ दिया। राजस्थान के लिए कमाल का प्रदर्शन कर रहे वैभव ने बताया है कि किस तरह वैभव आईपीएल में इतने सफल हो रहे हैं।

प्रैक्टिस के बिना नहीं कटता एक भी दिन

क्रिकेट की नई सनसनी बने वैभव सूर्यवंशी ने अपने सफर में नेट्स पर अनगिनत गेंदों का सामना किया है। इतनी मेहनत के बावजूद उन्हें लंबे समय तक आराम करना पसंद नहीं है। उनका कहना है कि अगर वह एक दिन भी अभ्यास नहीं करते, तो उन्हें लगता है कि उनकी जिंदगी की रफ्तार धीमी हो गई है। बिहार के समस्तीपुर के रहने वाले 15 वर्षीय वैभव अपनी कड़ी मेहनत और अनुशासन के लिए जाने जाते हैं। उनकी इस सफलता के पीछे उनके पिता संजीव सूर्यवंशी का बड़ा योगदान रहा है। बचपन से ही उनके पिता उन्हें नियमित रूप से अभ्यास के लिए प्रेरित करते रहे। वह हफ्ते में पांच दिन वैभव को समस्तीपुर से पटना लेकर जाते थे, ताकि उन्हें बेहतर प्रशिक्षण मिल सके।


15 साल के वैभव की मेहनत का राज

वैभव ने बताया कि उनकी क्रिकेट यात्रा में उनके पिता का सबसे बड़ा हाथ है। उन्होंने कहा, "आज मैं जो कुछ भी हूं, उसमें मेरे पिता की मेहनत और समर्थन का बहुत बड़ा योगदान है। बचपन से उन्होंने मुझसे खूब अभ्यास करवाया। यही वजह है कि अब अगर मैं एक दिन भी प्रैक्टिस नहीं करता, तो मुझे लगता है कि कुछ कमी रह गई है और जिंदगी की रफ्तार धीमी हो गई है।" उन्होंने आगे कहा कि उन्हें लंबे ब्रेक की जरूरत महसूस नहीं होती। उनके लिए एक दिन का आराम ही काफी होता है, क्योंकि वह जल्द से जल्द फिर से मैदान पर लौटकर अभ्यास करना चाहते हैं। यही लगन और मेहनत उन्हें कम उम्र में ही क्रिकेट की दुनिया में खास पहचान दिला रही है।

वैभव सूर्यवंशी का क्रिकेट के प्रति जुनून इतना गहरा है कि उन्होंने आईपीएल की तैयारी के लिए अपनी 10वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा तक छोड़ दी थी। उनका मानना था कि उस समय पढ़ाई से ज्यादा जरूरी अपने खेल पर पूरा ध्यान देना था। वैभव ने बताया कि आईपीएल शुरू होने वाला था और वह अंडर-19 विश्व कप खेलकर लौटे थे। एकदिवसीय क्रिकेट से टी20 क्रिकेट में आने के कारण उन्हें अपने खेल में कुछ बदलाव करने और कई चीजों पर मेहनत करने की जरूरत महसूस हुई। इसी वजह से उन्होंने अभ्यास को प्राथमिकता दी और लगातार अपनी तैयारी में जुटे रहे। उन्होंने कहा, "मुझे लगा कि उस समय सबसे जरूरी चीज प्रैक्टिस करना है। मैं हाल ही में अंडर-19 विश्व कप खेलकर लौटा था और क्रिकेट का प्रारूप भी बदल रहा था। इसलिए मुझे अपने खेल के कुछ खास हिस्सों पर काम करना था, ताकि मैं बेहतर प्रदर्शन कर सकूं।"

वैभव की मेहनत और समर्पण को देखकर क्रिकेट जगत के कई दिग्गज भी उनकी तारीफ कर चुके हैं। हाल ही में पूर्व महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर ने कहा था कि वह चाहते हैं कि वैभव के अंदर मौजूद मासूमियत और बचपन जैसी सादगी हमेशा बनी रहे। गावस्कर का मानना है कि यही गुण उन्हें एक बेहतर खिलाड़ी और अच्छा इंसान बनाए रखेंगे। वहीं मैदान पर आक्रामक बल्लेबाजी करने वाले वैभव सूर्यवंशी के अंदर आज भी एक मासूम बच्चा छिपा हुआ है। जब उनसे पूछा गया कि वह खाली समय में कैसे आराम करते हैं, तो उन्होंने बताया कि उन्हें कार्टून देखना सबसे ज्यादा पसंद है।

क्रिकेट के मैदान पर भी वैभव का प्रदर्शन शानदार रहा है। आईपीएल के इस सीजन में उन्होंने 680 रन बनाए और 65 छक्के लगाकर सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। उनकी धमाकेदार बल्लेबाजी ने उन्हें भारतीय क्रिकेट का सबसे चर्चित युवा खिलाड़ी बना दिया है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।