काउंटरपॉइंट रिसर्च के रिसर्च डायरेक्टर तरुण पाठक ने कहा, "इस बजट में 'ऑरेंज इकोनॉमी' (क्रिएटिव /IP-आधारित अर्थव्यवस्था) की ओर बदलाव भारत को वैश्विक कंटेंट के उपभोक्ता से उच्च-मूल्य वाले निर्माता में बदलने की दिशा में एक रणनीतिक कदम है। 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित करने का प्रस्ताव एक दूरदर्शी कदम है, जो क्रिएटिव इंडेस्ट्री के लिए भारत की जमीनी स्तर की प्रतिभाओं को विकसित करने में सहायक होगा। हालांकि, यह पहल सीधे तौर पर AR या XR पर केंद्रित नहीं है, लेकिन 2030 तक 20 लाख प्रोफेशनल्स को प्रशिक्षित करने के उद्देश्य से इसका बड़ा दायरा स्टूडेंट्स को डिजिटल कंटेंट क्रिएशन की स्किल्स से लैस करके इमर्सिव टेक्नोलॉजी को अपनाने को अप्रत्यक्ष रूप से मजबूत करेगा, जो AR/XR अनुप्रयोगों में भी काम आएगा। IICT के नेतृत्व में, यह प्रयास मॉडर्न टूल्स तक पहुंच को आसान बना सकता है, नए विचार को बढ़ावा दे सकता है और भारत को AVGC-XR और क्रिएटिव इकोनॉमी के लिए एक ग्लोबल सेंटर के रूप में स्थापित कर सकता है।"