आंध्र प्रदेश के रहने वाले अविनाश माडा की कहानी इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही है। परिवार पर करीब 40 लाख रुपये का कर्ज होने की वजह से उन्हें बीटेक की पढ़ाई बीच में ही छोड़नी पड़ी। इसके बाद उन्होंने घर की जिम्मेदारी संभालने के लिए अपना काम शुरू किया। मुश्किल हालात का सामना करते हुए उन्होंने अपना कारोबार शुरू किया और आज वह एंटरप्रेन्योरशिप के रूप में हर साल 80 लाख रुपये से अधिक की कमाई कर रहे हैं। उनकी मेहनत और संघर्ष की यह कहानी लोगों को काफी प्रेरित कर रही है।
अविनाश माडा ने सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट कर बताया कि, जब वह 18 साल के थे, तभी उनके परिवार पर बड़ा संकट आ गया। उनके पिता, जो किसान हैं, उन्हें अपने कारोबार में भारी नुकसान हुआ और परिवार पर करीब 40 लाख रुपये का कर्ज हो गया। इस कठिन समय में उनकी मां ने पूरे परिवार का हौसला बनाए रखा और सभी ने मिलकर मुश्किल हालात का सामना किया। बीटेक की पढ़ाई के पहले साल के दौरान ही अविनाश ने अपने भविष्य को लेकर गंभीरता से सोचना शुरू कर दिया।
माडा ने कहा, केवल डिग्री पूरी करके नॉर्मल नौकरी करने से परिवार की आर्थिक परेशानियां जल्दी खत्म नहीं होंगी। इसी सोच ने उन्हें कुछ अलग करने और नया रास्ता चुनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने उस समय को याद करते हुए कहा, "मुझे लगा कि अगर मैं बी.टेक पूरा करके 30 से 40 हजार रुपये महीने की नौकरी भी कर लूं, तब भी परिवार का कर्ज चुकाने में कई साल लग जाएंगे।" माडा ने बताया कि उन्हें जल्द ही समझ आ गया था कि सिर्फ पढ़ाई पूरी करके नौकरी करने से परिवार की आर्थिक स्थिति में जल्दी सुधार नहीं आएगा। इसी वजह से उन्होंने अलग रास्ता अपनाने का फैसला किया।
परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए अविनाश ने पारंपरिक रास्ते की बजाय नया ऑप्शन चुना। उन्होंने कॉलेज छोड़कर डिजिटल मार्केटिंग और सर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन (SEO) सीखना शुरू किया। कारोबार का पहले कोई अनुभव नहीं होने के बावजूद उन्होंने अपनी खुद की डिजिटल मार्केटिंग एजेंसी शुरू की। शुरुआत में उन्होंने अपनी स्किल्स को मजबूत करने और नए क्लाइंट्स जोड़ने पर मेहनत की। उनका यह फैसला चुनौतीपूर्ण जरूर था, लेकिन कुछ ही समय में उन्हें इसका अच्छा परिणाम मिलने लगा।
अविनाश माडा का दावा किया कि, 19 साल की उम्र तक उन्होंने अमेरिका और ब्रिटेन के कई क्लाइंट्स के साथ काम करना शुरू कर दिया था। उनकी डिजिटल मार्केटिंग एजेंसी को विदेशों से लगातार प्रोजेक्ट मिलने लगे। अविनाश के अनुसार, एजेंसी शुरू करने के पहले ही साल में उन्होंने करीब 30 लाख रुपये की कमाई की। अविनाश ने बताया कि, जब उन्होंने कॉलेज छोड़कर अपना रास्ता चुनने का फैसला किया, तब उन्हें भविष्य को लेकर काफी असमंजस था। वहीं इस मुश्किल समय में उनकी मां ने उनका पूरा साथ दिया।
अविनाश माडा के अनुसार, उनकी मां ने उन्हें कहा था कि पहले कारोबार में अपनी किस्मत आजमाओ। अगर इसमें सफलता नहीं मिली, तो पढ़ाई दोबारा शुरू करने का मौका हमेशा रहेगा। अविनाश ने बताया कि, उनकी मां की यही बात उनके लिए सबसे बड़ी प्रेरणा बनी।
अविनाश ने की इतने की कमाई
आज अविनाश माडा IG Accelerators और Freedom with AI के संस्थापक हैं। उनके मुताबिक, उनके दोनों कारोबार बिना किसी बड़े शुरुआती निवेश के हर साल 80 लाख रुपये से अधिक की कमाई कर रहे हैं। अविनाश के मुताबिक, नई और व्यावहारिक स्किल्स सीखने के साथ सही समय पर सोच-समझकर जोखिम उठाने के फैसले ने उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल दी और उन्हें सफलता की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। उन्होंने कहा, "कई बार जिदगी के सबसे बड़े मौके तब मिलते हैं, जब आप तयशुदा रास्ते से हटकर कुछ नया करने का साहस दिखाते हैं।"
उनकी कहानी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। कई लोगों ने उनके साहस, मेहनत और परिवार की मदद के लिए बड़ा जोखिम उठाने के फैसले की सराहना की है। एक यूजर ने लिखा, "यह बेहद प्रेरणादायक सफर है। जोखिम लेना जरूरी है, लेकिन उससे भी ज्यादा अहम लगातार नई और उपयोगी स्किल्स सीखते रहना है।" एक अन्य यूजर ने टिप्पणी की, "सम्मान। उन्होंने सिर्फ कॉलेज नहीं छोड़ा, बल्कि एक वास्तविक समस्या का समाधान खोजने का संकल्प लिया।" वहीं तीसरे यूजर ने लिखा, "एक दिन ऐसा भी आएगा, जब आप मेरी कहानी भी इसी तरह लोगों को बताएंगे।"