15 दिन की वॉटर फास्टिंग से घटा 20 किलो वजन, फिर पेंगुइन जैसी हो गई चाल! डॉक्टरों ने दी चेतावनी

चीन में वजन घटाने की चाह एक महिला को भारी पड़ गई। हेनान की 31 वर्षीय महिला ने कथित तौर पर 15 दिनों तक सिर्फ पानी पीकर गुजारा किया और करीब 20 किलो वजन कम कर लिया। लेकिन इसके बाद उसे चलने और याददाश्त में परेशानी होने लगी। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने गंभीर बीमारी की पहचान की

अपडेटेड Aug 26, 2026 पर 3:19 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
लंबे समय तक पानी पर निर्भर रहने से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं के मामले पहले भी सामने आए हैं।

चीन में तेजी से वजन घटाने की कोशिश एक 31 वर्षीय महिला के लिए भारी पड़ गई। हेनान प्रांत की इस महिला ने कथित तौर पर 15 दिनों तक सिर्फ पानी पीकर रहने का फैसला किया। इस दौरान उसका वजन करीब 20 किलो कम हुआ, लेकिन इसके बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। उसे चलने में परेशानी होने के साथ याददाश्त से जुड़ी दिक्कतें भी महसूस हुईं। जब वह इलाज के लिए अस्पताल पहुंची, तो डॉक्टरों ने जांच के बाद गंभीर न्यूरोलॉजिकल समस्या की पहचान की। बताया जा रहा है कि महिला वजन कम करने के लिए ‘बिगू’ नाम की फास्टिंग प्रथा का पालन कर रही थी।

यह मामला सामने आने के बाद लंबे समय तक खाना छोड़कर वजन घटाने के तरीकों को लेकर फिर सवाल उठने लगे हैं। डॉक्टरों ने भी ऐसे अत्यधिक उपवास से जुड़े जोखिमों को लेकर चेतावनी दी है। खासकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे ऐसे दावों के बीच यह घटना लोगों का ध्यान खींच रही है।

चलने का तरीका पेंगुइन जैसा हुआ


इलाज के लिए महिला झेंगझोउ यूनिवर्सिटी के अस्पताल पहुंची। जांच के बाद डॉक्टरों ने उसे Wernicke’s encephalopathy नाम की गंभीर न्यूरोलॉजिकल समस्या से पीड़ित पाया। डॉक्टरों के मुताबिक, यह स्थिति शरीर में जरूरी पोषक तत्वों की गंभीर कमी से जुड़ी होती है। न्यूरोलॉजिस्ट Sun Guifang ने बताया कि महिला की चाल पेंगुइन जैसी हो गई थी। उन्होंने चेतावनी दी कि उसकी चलने की समस्या पूरी तरह ठीक न भी हो पाए।

आखिर क्यों बिगड़ी हालत?

डॉक्टरों के अनुसार, लंबे समय तक भोजन न लेने से शरीर को जरूरी विटामिन और अन्य पोषक तत्व पर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पाए। इस तरह की कमी का असर दिमाग और नर्वस सिस्टम पर पड़ सकता है। महिला को चलने में परेशानी के साथ याददाश्त कमजोर होने की शिकायत भी हुई।

‘बिगू’ के नाम पर कर रही थी फास्टिंग

रिपोर्ट्स के मुताबिक, महिला ने डॉक्टरों को बताया कि वह ‘बिगू’ नाम की पारंपरिक ताओवादी फास्टिंग प्रथा अपना रही थी। इसका अर्थ मोटे तौर पर अनाज या सामान्य भोजन से परहेज करना है। इस प्रथा में आध्यात्मिक उन्नति के लिए भोजन से दूरी बनाने और ‘क्यूई’ यानी जीवन ऊर्जा पर निर्भर रहने जैसी मान्यताएं जुड़ी हैं।

सोशल मीडिया पर भी बढ़ रहा ट्रेंड

‘बिगू’ को लेकर सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा है। कुछ लोग इसे वजन घटाने या शरीर को ‘डिटॉक्स’ करने का तरीका बताते हैं। रिपोर्ट के अनुसार, एक लोकप्रिय सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर #bigu से जुड़े कंटेंट को करोड़ों व्यूज मिल चुके हैं। कुछ यूजर्स ने केवल पानी और सप्लीमेंट्स के सहारे वजन घटाने के दावे भी किए हैं।

पहले भी सामने आ चुके हैं गंभीर मामले

लंबे समय तक पानी पर निर्भर रहने से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं के मामले पहले भी सामने आए हैं। 2020 में चीन के एक 26 वर्षीय व्यक्ति की कथित तौर पर 52 दिनों तक सिर्फ पानी लेने के बाद मौत हो गई थी। वहीं, पिछले साल एक महिला को एक सप्ताह की ऐसी फास्टिंग के बाद गंभीर आंतों की समस्या और खतरनाक रूप से कम पोटैशियम की परेशानी हुई थी।

वजन घटाने की कोशिश पड़ सकती है भारी

इन घटनाओं के बाद ऑनलाइन अत्यधिक फास्टिंग को बढ़ावा देने वाले कंटेंट को लेकर चिंता बढ़ी है। विशेषज्ञों की चेतावनी साफ है कि तेजी से वजन घटाने के चक्कर में लंबे समय तक खाना छोड़ना शरीर के लिए गंभीर नुकसान का कारण बन सकता है।

अंडे अच्छी तरह पकाने को कहा था, टेबल पर मिला ऐसा नोट कि परिवार ने खाना ही छोड़ दिया!

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।