Get App

पीलीभीत की अनोखे होली...यहां अंडरग्राउंड हो जाते हैं पुरुष और महिलाओं का होता है राज!

होली पूरे देश में उत्साह से मनाई जाती है, लेकिन उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में इसे खास अंदाज में मनाया जाता है। यहां होली के अगले दिन गांवों की जिम्मेदारी महिलाओं के हाथ में होती है और यह परंपरा महिला सशक्तिकरण की अनोखी मिसाल मानी जाती है

Edited By: Ankita Pandeyअपडेटेड Mar 09, 2026 पर 5:42 PM
पीलीभीत की अनोखे होली...यहां अंडरग्राउंड हो जाते हैं पुरुष और महिलाओं का होता है राज!
इस जिले में होली पर महिला सशक्तिकरण की खास मिसाल पेश की जाती है

होली का त्योहार पूरे देश में बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया जाता है। इस दिन लोग आपसी मनमुटाव भूलकर एक-दूसरे को रंग और गुलाल लगाते हैं और खुशियों का इजहार करते हैं। इस दिन लोग जमकर रंगों से होली खेलते हैं। वहीं उत्तर प्रदेश के एक जिले में अनोखे तरह से होली मनाई जाती है। इस जिले में होली पर महिला सशक्तिकरण की खास मिसाल पेश की जाती है। यहां होली के अगले दिन गांवों में पूरी जिम्मेदारी महिलाओं के हाथ में होती है। ये अनोखी होली उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में मनाई जाती है।

लंभे समय से चली आ रही ये परंपरा

लोकल 18 से बातचीत में गीता देवी ने बताया कि, पीलीभीत के माधोटांडा क्षेत्र में ये परंपरा लंबे समय से चली आ रही है। बताया जाता है कि इस इलाके को बसाने वाले राजस्थान से आए राजपूत समाज के लोगों ने महिलाओं को बराबरी का सम्मान देने के लिए इसकी शुरुआत की थी। इसी कारण होली के अगले दिन महिलाएं खुद होली खेलती हैं और सुबह होलिका दहन की रस्म भी निभाती हैं। ये परंपरा करीब एक सदी से अधिक समय से जारी है।

क्यों मनाई जाती है ये परंपरा

सब समाचार

+ और भी पढ़ें