नाखून चबाना एक ऐसी आदत है, जिसे लोग अक्सर मामूली समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। कई लोग इसे तनाव, बोरियत या आदत के तौर पर करते हैं, बिना ये सोचे कि इसका असर उनकी सेहत पर भी पड़ सकता है। देखने में ये छोटी सी आदत लगती है, लेकिन इसके पीछे छिपे खतरे काफी बड़े हो सकते हैं। हाल ही में सामने आए एक मामले ने ये साफ कर दिया कि नाखून चबाना सिर्फ गंदी आदत ही नहीं, बल्कि गंभीर इंफेक्शन का कारण भी बन सकता है।
अगर समय रहते ध्यान न दिया जाए, तो यह समस्या इतनी बढ़ सकती है कि इलाज के लिए सर्जरी तक करनी पड़ सकती है। इसलिए जरूरी है कि इस आदत को हल्के में न लें और समय रहते इससे बचने की कोशिश करें।
21 साल की एक युवती को बचपन से नाखून चबाने की आदत थी। ये उसके लिए रोजमर्रा की बात थी। एक दिन नाखून के पास हल्का सा फटा हुआ हिस्सा (हैंगनेल) बना, जिसे उसने नजरअंदाज कर दिया। धीरे-धीरे उसी जगह सूजन और दर्द शुरू हो गया, जो समय के साथ गंभीर होता चला गया।
डॉक्टरों की जांच में पता चला कि उसे “पैरॉनिकिया” नाम का गंभीर इंफेक्शन हो गया है। ये नाखून के आसपास होने वाला संक्रमण है, जो बैक्टीरिया के कारण फैलता है। नाखून चबाने के दौरान मुंह के बैक्टीरिया उस छोटे से घाव के जरिए अंदर पहुंच गए और स्थिति बिगड़ गई।
नाखून चबाने से त्वचा कमजोर और डैमेज हो जाती है, जिससे उसका प्राकृतिक सुरक्षा कवच खत्म हो जाता है। ऐसे में बैक्टीरिया को शरीर में घुसने का आसान रास्ता मिल जाता है। मुंह में मौजूद बैक्टीरिया जब खुले घाव में पहुंचते हैं, तो गंभीर संक्रमण का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
शुरुआत में डॉक्टरों ने एंटीबायोटिक दवाइयां दीं, लेकिन कोई खास फायदा नहीं हुआ। धीरे-धीरे उंगली में मवाद भर गया और एक सिस्ट बन गया, जिससे दर्द और सूजन दोनों बढ़ गए।
स्थिति इतनी बिगड़ गई कि आखिरकार सर्जरी करनी पड़ी। डॉक्टरों को उंगली में चीरा लगाकर अंदर जमा इंफेक्शन साफ करना पड़ा। यहां तक कि उंगली काटने की नौबत भी आ सकती थी, जिससे मरीज और उसका परिवार काफी डर गया।
एक हैंड स्पेशलिस्ट ने बताया कि इतनी कम उम्र में इतना गंभीर संक्रमण बहुत कम देखने को मिलता है। ये घटना दिखाती है कि छोटी-सी आदत भी कितनी बड़ी समस्या बन सकती है।
ये मामला साफ बताता है कि नाखून चबाने जैसी आदत को हल्के में नहीं लेना चाहिए। छोटी सी लापरवाही भी गंभीर बीमारी का कारण बन सकती है। बेहतर है कि समय रहते इस आदत को छोड़ा जाए और हाथों की साफ-सफाई का खास ध्यान रखा जाए।