वर्क फ्रॉम होम का एक छोटा सा अनुभव एक महिला के लिए सोच बदलने वाला साबित हुआ। सिर्फ एक हफ्ते घर से काम करने के बाद उसे महसूस हुआ कि ऑफिस जाने की भागदौड़ से दूर रहकर जिंदगी कितनी आसान और संतुलित हो सकती है। उसने इंस्टाग्राम पर अपना अनुभव साझा किया, जिसमें उसने बताया कि रिमोट वर्क के दौरान वह ज्यादा खुश, ऊर्जावान और बेहतर तरीके से काम कर पाई। उसकी पोस्ट वायरल होते ही सोशल मीडिया पर एक बार फिर बहस शुरू हो गई कि क्या घर से काम करना पारंपरिक ऑफिस कल्चर से ज्यादा बेहतर विकल्प है। जहां कई लोगों ने WFH को लाइफ बैलेंस के लिए फायदेमंद बताया, वहीं कुछ ने इसकी चुनौतियों पर भी अपनी राय रखी।
ऑफिस जाने-आने के समय से मिली ‘नई जिंदगी’
स्नेहा नाम की इस महिला ने बताया कि एक ट्रेनिंग प्रोग्राम के दौरान उसे पूरे हफ्ते घर से काम करने का मौका मिला। शुरुआत में उसे अंदाजा नहीं था कि यह छोटा सा बदलाव उसकी दिनचर्या को इतना प्रभावित करेगा। उसने कहा कि सबसे बड़ा फर्क ऑफिस आने-जाने में लगने वाले घंटों की बचत से आया। इस अतिरिक्त समय में वह सुबह की वॉक, जिम, पढ़ाई और शाम को आराम से चाय पीने जैसी चीजों के लिए वक्त निकाल पाई, जो आम दिनों में मुश्किल हो जाता था।
‘WFH का क्रेज असली है’, वीडियो हुआ वायरल
स्नेहा ने अपने वीडियो पर लिखा, “WFH का हाइप सच है।” उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि घर से काम करने का सिर्फ एक हफ्ता मिला और अब उन्हें अपनी 9 टू 5 नौकरी की पूरी व्यवस्था पर दोबारा सोचने का मन हो रहा है। उनके मुताबिक, घर से काम करने के दौरान वह कम नहीं बल्कि ज्यादा काम कर पाईं। बेहतर मूड, ज्यादा ऊर्जा और कम तनाव ने उनकी कार्यक्षमता को बढ़ाया।
क्या घर से काम करने वाले ज्यादा खुश रहते हैं?
स्नेहा ने अपने अनुभव के आधार पर सवाल उठाया कि क्या दूसरे लोग भी WFH के दौरान खुद को ज्यादा बेहतर महसूस करते हैं। उनकी पोस्ट पर कई लोगों ने अपने अनुभव साझा किए और बताया कि रिमोट वर्क ने उनकी जिंदगी में सकारात्मक बदलाव किए हैं।
यूजर्स बोले- WFH किसी के लिए वरदान, किसी के लिए चुनौती
पोस्ट पर कई लोगों ने सहमति जताई और कहा कि घर से काम करना बेहद सुविधाजनक है। कुछ यूजर्स ने मजाक में कहा कि परिवार वालों को भी कभी-कभी लगता है कि लैपटॉप लेकर घूमने वाला व्यक्ति सच में काम कर रहा है या नहीं। हालांकि, कुछ लोगों ने अलग राय भी रखी। उनका कहना था कि WFH का अनुभव हर किसी के लिए एक जैसा नहीं होता। नए कर्मचारियों या नई टीम में शामिल लोगों के लिए घर से काम करना कभी-कभी सीखने और जुड़ने की प्रक्रिया को मुश्किल बना सकता है।
WFH पर फिर छिड़ी पुरानी बहस
स्नेहा की वायरल पोस्ट ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या भविष्य में काम करने का बेहतर तरीका ऑफिस और घर के बीच संतुलन बनाना होगा। जहां कुछ लोगों के लिए WFH बेहतर लाइफ बैलेंस देता है, वहीं कुछ के लिए ऑफिस की टीम एनर्जी और सीखने का माहौल भी जरूरी है।