Baloch attack on Pakistan Army: पाकिस्तान के अशांत बलूचिस्तान प्रांत में अलगाववादी संगठन बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने पाकिस्तानी सेना के खिलाफ जबरदस्त ताजा हमले करने का दावा किया है। BLA के मुताबिक, टंप के मलांट इलाके में एक सैन्य वाहन को IED से निशाना बनाया गया। इसमें फ्रंटियर कॉर्प्स के तीन पाकिस्तानी जवान मारे गए।
BLA ने प्रांत के कई अन्य इलाकों में सुरक्षा चौकियों और प्रतिष्ठानों पर भी हमले करने का दावा किया है। हालांकि, पाकिस्तानी सुरक्षा अधिकारियों की ओर से भी अभी तक इन हमलों में हुई मौतों या नुकसान की तत्काल आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
क्वेटा-तफ्तान मार्ग पर भी हमले का दावा
BLA ने एक बयान में दावा किया है कि उसके लड़ाकों ने बलूचिस्तान के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्वेटा-तफ्तान व्यापार रूट्स के आसपास सुरक्षाबलों को निशाना बनाया। संगठन के मुताबिक, उसके लड़ाकों ने एक पाकिस्तानी सैन्य वाहन को नष्ट किया। साथ ही कई सुरक्षा चौकियों पर कब्जा कर वहां मौजूद हथियार और अन्य सैन्य उपकरण अपने कब्जे में ले लिए।
अलगाववादी संगठन ने कुछ तस्वीरें और वीडियो भी जारी किए हैं। उसका दावा है कि इनमें उसके लड़ाकों को पाकिस्तानी सुरक्षा बलों की चौकियों पर कब्जा करते या उन्हें नष्ट करते हुए दिखाया गया है। हालांकि, इन तस्वीरों और वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
1 महीने में 14 से ज्यादा सुरक्षा चौकियों पर कब्जा!
BLA ने यह भी दावा किया कि उसके लड़ाकों ने पिछले एक महीने के दौरान बलूचिस्तान में 14 से अधिक सुरक्षा चौकियों पर कब्जा किया है। संगठन ने इन कार्रवाइयों को पाकिस्तानी सेना और अर्धसैनिक बलों की मौजूदगी के खिलाफ अपने अभियान को तेज करने का हिस्सा बताया है। बलूचिस्तान में हिंसा के बीच BLA ने पिछले सप्ताह भी दो अलग-अलग हमलों में 25 पाकिस्तानी सैन्यकर्मियों के मारे जाने का दावा किया था।
संगठन ने यह भी कहा था कि इन हमलों में तीन सैन्य वाहन नष्ट किए गए। BLA के अनुसार, एक हमला जियारत क्रॉस के पास सैन्य काफिले पर घात लगाकर किया गया था, जबकि दूसरा हमला सुराब इलाके में हुआ था। हालांकि, पाकिस्तानी अधिकारियों ने इन हमलों में हुई मौतों के BLA के आंकड़ों की सार्वजनिक रूप से पुष्टि नहीं की है।
जनवरी-फरवरी में भी हुआ था बड़े पैमाने पर हमला
बलूचिस्तान में मौजूदा हिंसा उस बड़े हमलों के सिलसिले के बीच हो रही है, जो जनवरी के अंत और फरवरी की शुरुआत में सामने आए थे। उस दौरान कई जिलों में उग्रवादियों ने सुरक्षा प्रतिष्ठानों, पुलिस स्टेशनों, बैंकों, रेलवे और अन्य ठिकानों को निशाना बनाया था। इसके बाद पाकिस्तान ने बड़े पैमाने पर जवाबी अभियान शुरू किया। पाकिस्तानी अधिकारियों ने दावा किया था कि इस कार्रवाई में 200 से ज्यादा आतंकवादी मारे गए।
बलूचिस्तान में पाकिस्तान के साथ क्यों जारी है संघर्ष?
बलूचिस्तान लंबे समय से अलगाववादी हिंसा से जूझ रहा है। BLA समेत कई बलूच अलगाववादी संगठन पाकिस्तान से अधिक स्वतंत्रता की मांग करते हैं। इन संगठनों का आरोप है कि इस्लामाबाद ने बलूचिस्तान को राजनीतिक रूप से हाशिए पर रखा है। प्रांत के प्राकृतिक संसाधनों का पर्याप्त लाभ स्थानीय लोगों को नहीं मिलता।
वहीं, पाकिस्तान सरकार इन सशस्त्र संगठनों को आतंकी खतरा मानती है। पाक सरकार उनके साथ बातचीत की संभावना को खारिज करती रही है। बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती ने हाल ही में कहा था कि प्रांत में सरकार बातचीत के बजाय सैन्य अभियान को और तेज करेगी।