Donald Trump India Remark: “कभी भारत आकर देखो…” ट्रंप के 'नरक' वाले बयान पर ईरान का तगड़ा पलटवार

Donald Trump India Remark: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का सोशल मीडिया पोस्ट एक बार फिर विवादों के घेरे में है। दरअसल, उन्होंने अमेरिकी लेखक और कमेंटेटर माइकल सैवेज के पुराने वीडियो का टेक्स्ट शेयर किया है, जिसमें भारत और चीन के लिए विवादित शब्दों का इस्तेमाल किया गया है।

अपडेटेड Apr 24, 2026 पर 1:03 PM
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ट्रंप के 'नरक' वाले बयान पर ईरान का तगड़ा पलटवार

Donald Trump India Remark: ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस सोशल मीडिया पोस्ट पर तंज कसा है, जिसमें उन्होंने भारत और चीन को “नरक” (hellholes) कहा और अमेरिका के नागरिकता कानून में बदलाव की बात की। मुंबई में ईरान के वाणिज्य दूतावास ने X (ट्विटर) पर महाराष्ट्र की संस्कृति और खूबसूरती दिखाने वाला एक वीडियो शेयर किया। साथ ही लिखा कि ट्रंप को यहां की यात्रा करनी चाहिए।

वाणिज्य दूतावास ने पोस्ट में लिखा, "शायद किसी को ट्रंप के लिए एक तरफ का ‘कल्चर डिटॉक्स’ ट्रिप बुक कर देना चाहिए, इससे उनकी बकवास बातें कम हो सकती है। कभी भारत आकर देखो, फिर बोलना।"


हेल-होल’ विवाद क्या है?

यह विवाद तब शुरू हुआ जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर एक रेडियो होस्ट माइकल सैवेज के पॉडकास्ट का टेक्स्ट शेयर किया। इस पोस्ट में भारत, चीन और अन्य देशों को “नरक” बताया गया है। अपने विवादित पोस्ट में सैवेज ने अमेरिका के नागरिकता कानून में बदलाव की मांग करते हुए आरोप लगाया कि भारत और चीन के लोग अमेरिका आकर “नौवें महीने में बच्चा पैदा करते हैं”, जिससे उनका बच्चा तुरंत अमेरिकी नागरिक बन जाता है। उन्होंने भारतीय और चीनी प्रवासियों को “लैपटॉप वाले गैंगस्टर” तक कह दिया और कहा कि उन्होंने “हमारे झंडे का अपमान किया है।” ट्रंप द्वारा इस पोस्ट को शेयर करना, सैवेज के इन आपत्तिजनक बयानों का समर्थन माना गया।

भारत की प्रतिक्रिया

भारत ने इन टिप्पणियों की निंदा करते हुए इन्हें “अज्ञानतापूर्ण, अनुचित और अभद्र” बताया। विदेश मंत्रालय ने ट्रंप का नाम लिए बिना एक बयान में कहा कि ये टिप्पणियां “निश्चित रूप से भारत-अमेरिका संबंधों की वास्तविकता को नहीं दर्शाती हैं, जो लंबे समय से आपसी सम्मान और साझा हितों पर आधारित हैं।”

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, “हमने टिप्पणियां देखी हैं, साथ ही अमेरिकी दूतावास द्वारा जारी किया गया जवाबी बयान भी। ये टिप्पणियां स्पष्ट रूप से अज्ञानतापूर्ण, अनुचित और घटिया हैं। ये निश्चित रूप से भारत-अमेरिका संबंधों की वास्तविकता को नहीं दर्शाती हैं, जो लंबे समय से आपसी सम्मान और साझा हितों पर आधारित रहे हैं।”

अमेरिका की प्रतिक्रिया

बाद में, स्थिति को संभालने के प्रयास में, अमेरिकी दूतावास ने एक बयान जारी कर कहा कि ट्रंप का मानना ​​है कि भारत एक "महान" देश है, जिसका नेतृत्व "मेरे एक अच्छे मित्र" कर रहे हैं।

नई दिल्ली स्थित अमेरिकी दूतावास के प्रवक्ता क्रिस्टोफर एल्म्स ने बताया कि रिपब्लिकन नेता ने भारत के बारे में सकारात्मक बात की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ अपने व्यक्तिगत संबंधों का जिक्र किया।

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