Iran-US War Update: ईरान और अमेरिका के बीच फिर से युद्ध शुरू हो गया है। अमेरिकी हमले के बाद अब ईरान ने अमेरिका पर जोरदार पलटवार किया है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने घोषणा की है कि उसकी नौसेना और एयरोस्पेस बलों ने ईरानी क्षेत्र पर ताजा अमेरिकी हमलों के जवाब में कुवैत और बहरीन में अमेरिका के सैन्य ठिकानों को निशाना बनाते हुए एक संयुक्त मिसाइल और ड्रोन ऑपरेशन शुरू किया है। इस हमले के बाद मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ गया है।
IRGC ने कहा है कि उसने खाड़ी देशों में मौजूद 8 अमेरिकी ठिकानों पर हमले किए हैं। इससे पहले अमेरिका ने दूसरे दिन लगातार रविवार तड़के ईरान पर बड़ा हमला किया है। ईरान के मिसाइल और ड्रोन फैसिलिटी पर हमले के बाद ट्रंप ने ईरान पर सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाया। साथ ही ईरान को नक्शे से मिटाने की धमकी दी है।
IRGC की नेवल और एयरोस्पेस यूनिट्स ने मिलकर यह ऑपरेशन किया है। इसे ईरान के अंदर हाल ही में हुए अमेरिकी हमलों का बदला बताया गया। गार्ड्स ने एक बयान में कहा, "कुवैत में अली अल-सलेम बेस और बहरीन के पोर्ट सलमान में फिफ्थ फ्लीट नेवल बेस पर आठ ज़रूरी अमेरिकी मिलिट्री ठिकानों को तबाह कर दिया।"
गार्ड्स ने कहा, "दुश्मन की किसी भी आक्रामकता का चाहे उसका बहाना कुछ भी हो, और चाहे वह मामूली लक्ष्यों के ख़िलाफ़ ही क्यों न हो...करारा जवाब दिया जाएगा।" IRGC के अनुसार, यह हमला शनिवार को अमेरिकी सेना की उस कार्रवाई के जवाब में किया गया है जिसमें ईरान के मिसाइल और ड्रोन डिपो के साथ-साथ तटीय रडार सुविधाओं को निशाना बनाया गया था।
ईरान के सरकारी मीडिया ने यह भी आरोप लगाया कि वाशिंगटन ने ईरान के पांच तटीय ठिकानों पर हमला किया था। साथ ही, उसने आरोप लगाया कि अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य में एक जहाज से जुड़ी घटना का इस्तेमाल इस सैन्य अभियान को सही ठहराने के लिए किया।
कुवैत ने मिसाइलों और ड्रोनों को रोका
कुवैत की सेना ने कहा है कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने उसके हवाई क्षेत्र में प्रवेश करने वाली दुश्मन मिसाइलों और ड्रोनों को रोका। पूरे देश में हवाई हमले के सायरन बजाए गए। जबकि बहरीन ने भी एहतियात के तौर पर चेतावनी वाले सायरन बजाए। अमेरिकी अधिकारियों की ओर से इस बारे में कोई तत्काल बयान नहीं आया कि क्या निशाना बनाए गए सैन्य ठिकानों को कोई नुकसान पहुंचा है या कोई हताहत हुआ है।
होर्मुज स्टेट में सिंगापुर के कमर्शियल जहाज द्वारा ईरान के निर्देश ना मानने पर उस पर ड्रोन हमला किया गया है। अमेरिका ने ईरान के सैन्य ठिकानों पर हमले शुरू कर दिए। जबाब में ईरान ने भी खाड़ी में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइलें और ड्रोन दागे है।
इस बीच, संयुक्त राष्ट्र ने होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे जहाजों को ईरानी और ओमान के समुद्री इलाकों से निकालने के लिए दो नए रास्तों की घोषणा की है। ईरान ने इस योजना को खारिज कर दिया और कहा कि इसकी घोषणा बिना किसी बातचीत के की गई थी। ताइवान द्वारा संचालित 'एवर लवली' जहाज पर ओमान के तट के पास एक संदिग्ध ईरानी ड्रोन से हमला हुआ, जिससे जहाज को कुछ नुकसान तो हुआ। लेकिन चालक दल के किसी सदस्य को चोट नहीं आई।