Iran-US Tensions: अमेरिकी हमले की आशंका से तेहरान में दहशत! ईरान के विदेश मंत्री ने एस. जयशंकर को लगाया फोन, क्या हुई बात?

Iran-US Tensions: ईरान में विरोध प्रदर्शन पिछले महीने के अंत में तेहरान से शुरू हुए। ईरान की करेंसी 'रियाल' रिकॉर्ड निचले स्तर पर गिर गई है। इसके खिलाफ यह प्रदर्शन सभी 31 प्रांतों में फैल गया है। पहले यह प्रदर्शन आर्थिक संकट को लेकर शुरू हुआ था। लेकिन बाद में यह राजनीतिक बदलाव की मांगों में बदल गया

अपडेटेड Jan 14, 2026 पर 11:14 PM
Story continues below Advertisement
Iran-US Tensions: ईरान में जारी प्रदर्शनों में अब तक 2,500 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं

Iran-US Tensions: विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने बुधवार (14 जनवरी) को ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से फोन पर बातचीत की। जयशंकर ने बताया कि उन्हें ईरान के विदेश मंत्री सैयद अराघची का फोन आया था। दोनों ने ईरान और उसके आसपास की बदलती स्थिति पर चर्चा की। जयशंकर ने यह जानकारी सोशल मीडिया साइट X पर एक छोटी सी पोस्ट में शेयर की। अराघची ने मिस्र के विदेश मंत्री बद्र अब्देलट्टी से भी फोन पर बात की।

इस दौरान उनसे क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों और द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा की। यह बातचीत ऐसे समय हुई है जब आशंका जताई जा रही है कि अमेरिका कभी भी ईरान पर हमला हो सकता है।ईरान में बड़े पैमाने पर सरकार विरोधी विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। मानवाधिकार समूहों का कहना है कि ईरानी अधिकारियों की कड़ी कार्रवाई के बीच मरने वालों की संख्या 2,500 से अधिक हो गई है। भारत ने बुधवार को ईरान में रह रहे अपने सभी नागरिकों से उपलब्ध साधनों के जरिए उस देश से निकलने और वहां की यात्रा से बचने को कहा है।

यह चेतावनी ऐसे समय में आई है जब तेहरान में जारी राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शनों पर संभावित अमेरिकी सैन्य हस्तक्षेप को लेकर तनाव बढ़ रहा है। ईरान में भारतीय दूतावास ने एक नया एडवाइजरी जारी करते हुए बदलते हालात के मद्देनजर छात्रों, तीर्थयात्रियों, व्यापारियों और पर्यटकों समेत वहां मौजूद भारतीय नागरिकों को कमर्शियल फ्लाइट्स सहित परिवहन के उपलब्ध साधनों का इस्तेमाल करके देश छोड़ने को कहा है।

अनुमान के अनुसार, ईरान में फिलहाल लगभग 10,000 भारतीय रह रहे हैं, जिनमें छात्र भी शामिल हैं। दूतावास ने सभी भारतीय नागरिकों और भारतीय मूल के लोगों को सावधानी बरतने, विरोध प्रदर्शनों या रैलियों वाले क्षेत्रों से बचने और भारतीय दूतावास के संपर्क में रहने को कहा है।

भारत की यह एडवाइजरी ईरान और क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच आया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि अगर ईरान प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई जारी रखता है तो वह सैन्य कार्रवाई करेगाट्रंप ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए मंगलवार को कहा, "मदद पहुंचने वाली है" अमेरिकी राष्ट्रपति पहले ही ईरान के साथ व्यापार करने वाले देशों पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने की घोषणा कर चुके हैं।


ईरानी करेंसी रियाल के रिकॉर्ड निचले स्तर पर गिरने के बाद पिछले महीने तेहरान में प्रदर्शन शुरू हुए। तब से ये प्रदर्शन सभी 31 प्रांतों में फैल चुके हैं। आर्थिक संकट के खिलाफ आंदोलन से शुरू होकर राजनीतिक परिवर्तन की मांग में तब्दील हो गए हैं।

ये भी पढ़ें- VIDEO: लंदन में पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग ने नाबालिग के साथ किया गैंगरेप! 200 सिखों ने लड़की को दरिंदों के चंगुल से बचाया

ईरान के विदेश मंत्री ने कहा है कि उनकी सरकार किसी भी विदेशी दखल या दुर्भावनापूर्ण हरकत के खिलाफ दृढ़ता से जवाब देगी। ईरान से बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने कतर स्थित अपने सबसे बड़े एयरबेस से सैकड़ों सैनिकों को निकालने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे पहले, ईरान ने अपने परमाणु ठिकानों पर अमेरिकी हमलों के जवाब में दोहा एयरबेस पर मिसाइलें दागी थी।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।