पाकिस्तानी सेना ने कूबल किया कि पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद भारत के साथ बढ़े संघर्ष में उसके 11 सैन्यकर्मी मारे गए। पाकिस्तानी सेना की ओर से जारी एक बयान के अनुसार, दोनों पड़ोसी देशों के बीच चार दिनों तक चले संघर्ष के दौरान देश की सेना और वायु सेना के 78 कर्मियों को चोटें आईं। पाकिस्तान ने कहा कि हमलों में 40 नागरिक मारे गए। इस्लामाबाद ने कहा कि मृतकों में 7 महिलाएं और 15 बच्चे शामिल हैं। इसके अलावा, उनके बयान के अनुसार 121 नागरिक घायल हुए हैं, जिनमें 10 महिलाएं और 27 बच्चे शामिल हैं।
बयान में कहा गया है कि पाकिस्तान के सशस्त्र बल और वहां की जनता मृतक नागरिकों और सैन्यकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित करती है। इसमें आगे कहा गया है, "इसमें कोई अस्पष्टता नहीं होनी चाहिए: पाकिस्तान की संप्रभुता या क्षेत्रीय अखंडता को चुनौती देने की किसी भी कोशिश का, फिर कभी, त्वरित, पूर्ण और निर्णायक जवाब दिया जाएगा।"
पाकिस्तानी सैनिकों की मौत पर भारत ने क्या कहा है?
पाकिस्तान का ये कबूलनामा भारतीय सेना की ओर से पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में नौ आतंकवादी ठिकानों पर सटीक हमले करने और 100 से ज्यादा आतंकवादियों को मार गिराने के बाद आया है।
भारत ने कहा कि पाकिस्तान के खिलाफ उसकी जवाबी कार्रवाई में लगभग 30 से 40 पाकिस्तानी कर्मियों की मौत हुई है। भारतीय सेना ने यह भी कहा कि उन्होंने तनाव के इस दौर में कई पाकिस्तानी सैन्य विमानों को सफलतापूर्वक मार गिराया।
ऑपरेशन सिंदूर और युद्ध विराम
भारत के आतंकवाद विरोधी अभियान के जवाब में, पाकिस्तानी सेना ने भारतीय सैन्य प्रतिष्ठानों और नागरिक इलाकों पर ड्रोन और दूसरे प्रोजेक्टाइल की एक बड़ी बौछार की। हालांकि, भारतीय सेना ने इन आने वाले प्रोजेक्टाइल में से ज्यादातर को सफलतापूर्वक रोक दिया और बेअसर कर दिया, जिससे हमले विफल हो गए।
जब पाकिस्तान ने नागरिक इलाकों पर हमला जारी रखा, तो भारत ने जवाबी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तानी इलाके में स्थित हवाई ठिकानों को निशाना बनाया, जिसके कारण हवाई पट्टियों सहित महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा। इसके बाद, पाकिस्तान के सैन्य संचालन महानिदेशक (DGMO) ने अपने भारतीय समकक्ष से संपर्क किया और शत्रुता समाप्त करने का आग्रह किया।