Russia-Ukraine War: रूस-यूक्रेन युद्ध के पांचवें कैलेंडर वर्ष में प्रवेश करते ही शांति की सुगबुगाहट तेज हो गई है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने नए साल के अपने संबोधन में इसे लेकर एक महत्वपूर्ण अपडेट दिया है। जेलेंस्की के अनुसार, रूस के साथ युद्ध खत्म करने का समझौता 90% तैयार हो चुका है। हालांकि, उन्होंने ये चेतावनी भी दी कि शेष 10% ही शांति का असली भाग्य और यूक्रेन का भविष्य तय करेगा। जेलेंस्की ने स्वीकार किया कि करीब 4 साल के युद्ध से देश थक चुका है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि वे आत्मसमर्पण कर देंगे।
'शांति चाहिए, लेकिन किसी भी कीमत पर नहीं'
जेलेंस्की ने अपने टेलीग्राम और सोशल मीडिया हैंडल पर यूक्रेन के रुख को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा, 'शांति समझौता 90% तैयार है, लेकिन बाकी बचा 10% केवल नंबर नहीं हैं। यही 10% तय करेगा कि यूक्रेन और यूरोप का भविष्य क्या होगा।' उन्होंने दो-टूक शब्दों में कहा, 'क्या हम शांति चाहते हैं? हां। क्या किसी भी कीमत पर? बिल्कुल नहीं। हमें युद्ध का अंत चाहिए, यूक्रेन का अंत नहीं।' जेलेंस्की का मानना है कि कोई भी समझौता तब तक बेकार है जब तक यूक्रेन को भविष्य के हमलों से बचाने के लिए पुख्ता सुरक्षा गारंटी न मिले।
क्या है विवाद का मुख्य मुद्दा?
शांति वार्ता के रास्ते में जो '10%' की अड़चन है, उसका मुख्य कारण क्षेत्रीय विवाद है। वर्तमान में रूस ने यूक्रेन के लगभग 20% हिस्से पर कब्जा कर रखा है और वह पूर्वी डोनबास क्षेत्र पर पूर्ण नियंत्रण की मांग कर रहा है। कीव ने रूस को किसी भी तरह की जमीन देने से साफ इनकार किया है। जेलेंस्की का तर्क है कि जमीन देने से रूस का हौसला और बढ़ेगा।
'जीत में विश्वास रखें': पुतिन
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भी नए साल पर रूसी सेना और नागरिकों को संबोधित किया। पुतिन ने सैनिकों को 'नायक' बताते हुए कहा, 'हमें आप पर और हमारी जीत पर पूरा भरोसा है।' हाल ही में पुतिन के आवास के पास हुए कथित ड्रोन हमले के बाद क्रेमलिन ने कहा है कि वे अब बातचीत की मेज पर अपना रुख और कड़ा करेंगे।