US attack Indian ship: ओमान तट के पास एक और जहाज पर अमेरिका का भीषण हमला, US हमले में लापता तीनों भारतीय नाविकों की मौत

US attack Indian ship: केंद्रीय शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने गुरुवार 10 जून को बताया कि ओमान की खाड़ी में एक टैंकर पर अमेरिकी सेना के हमले के बाद लापता हुए तीन भारतीय नाविकों की मौत हो गई है। ओमान के पास टैंकर पर अमेरिकी सेना द्वारा किए गए हमले के बाद ये नाविक लापता हो गए थे

अपडेटेड Jun 11, 2026 पर 1:57 PM
US attack Indian ship: तेल टैंकर पर US हमले में लापता तीनों भारतीय नाविकों की मौत हो चुकी है

US attack Indian ship: भारतीय नाविकों को ले जा रहे MT जलवीर (MT Jalveer) को ओमान तट पर निशाना बनाया गया है। भारतीय दूतावास ने गुरुवार (11 जून) को कहा कि स्थिति पर नजर रखी जा रही है। यह हमला किसने किया है अभी यह साफ नहीं हो पाया है। MT जलवीर एक कमर्शियल जहाज है। ओमान तट पर हमला हुआ है, जिसमें भारतीय नाविकों के होने की खबर है। भारत ने इस हमला कड़ा विरोध दर्ज कराया है।

होर्मुज जलडमरूमध्य के पास यह तीसरा जहाज है जिस पर हमला हुआ है। इन जहाजों पर भारतीय मौजूद थे। इससे पहले, तीन दिनों के अंदर ओमान के तट पर भारतीयों को ले जा रहे दो लगातार जहाजों पर हमला हो चुका है। इस हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत हो चुकी है।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में ओमान में भारतीय दूतावास ने गुरुवार (11 जून) को कहा, "हमें आज सुबह ओमान के शिनास पोर्ट के पास एक जहाज से जुड़ी घटना के बारे में पता चला है। हम स्थिति पर करीब से नज़र रख रहे हैं और ज़्यादा जानकारी के लिए लोकल अधिकारियों से बात कर रहे हैं।"


US हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत

इस बीच, न्यूज एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ओमान के तट के पास पलाऊ के झंडे वाले जहाज पर अमेरिकी हमले के बाद लापता बताए जा रहे तीनों भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हो गई है। अमेरिकी सेना ने कहा कि उसने तेल टैंकर 'MT सेटेबेलो' पर हमला तब किया, जब उसने ओमान के तट के पास होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के बाहर अमेरिका द्वारा लगाए गए नाकेबंदी (blockade) का उल्लंघन करने की कोशिश की।

सरकार ने भी की पुष्टि

केंद्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने पलाऊ के ध्वज वाले तेल टैंकर एमटी सेटेबेलो पर सवार तीन भारतीय नाविकों की मौत की गुरुवार को पुष्टि कर दी। उन्होंने बताया कि शव बरामद कर उनकी पहचान कर ली गई है। पहले इन नाविकों को लापता बताया गया था। सोनोवाल ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि पलाऊ के ध्वज वाले एमटी सेटेबेलो जहाज पर हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना के बारे में जानकर बहुत दुख हुआ है।

उन्होंने आगे कहा, "दुर्भाग्यवश, जिन तीन भारतीय नाविकों को पहले लापता बताया गया था। उनके शव अब बरामद कर लिए गए हैं और उनकी पहचान कर ली गई है।" मंत्री ने कहा कि यह हमारे समुद्री परिवार के लिए गहरा आघात और अपूरणीय क्षति है।

मंत्री ने कहा, "इस कठिन समय में मोदी सरकार शोक संतप्त परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और मृतकों के परिजनों को हरसंभव सहायता देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।" सोनोवाल ने बताया कि उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि बचाए गए चालक दल के सदस्यों को तत्काल भारत वापस लाने और नाविकों के शवों को अंतिम संस्कार के लिए शीघ्र स्वदेश लाने की व्यवस्था की जाए।

जिस जहाज पर अमेरिका ने किया हमला उस पर 20 भारतीय नाविक सवार

ओमान के तट पर चल रहे जहाज MT जलवीर से क्रू को निकालने के बारे में बंदरगाह, जहाज़रानी और जलमार्ग मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव मुकेश मंगल ने बताया, "इस जहाज पर 20 भारतीय नाविक सवार हैं और वे सभी सुरक्षित बताए जा रहे हैं। किसी के हताहत होने या घायल होने की खबर नहीं है।"

उन्होंने कहा, "11 जून को गिनी-बिसाऊ के झंडे वाला एक जहाज़, बिटुमेन टैंकर MT जलवीर, ओमान के शिनास बंदरगाह के पास समुद्री सुरक्षा से जुड़ी एक घटना में शामिल था। इस जहाज पर 20 भारतीय नाविक सवार हैं और वे सभी सुरक्षित बताए जा रहे हैं। किसी के हताहत होने या घायल होने की खबर नहीं है।"

अधिकारी ने कहा, "ताजा जानकारी के अनुसार, क्रू सदस्यों को शिनास बंदरगाह तक निकालने का काम शुरू हो गया है। छह और लोगों को निकाला जाना है। मंत्रालय स्थिति पर बारीकी से नज़र रख रहा है और विदेश मंत्रालय, विदेशों में भारतीय मिशनों, भारतीय नौसेना और अन्य संबंधित पक्षों के साथ लगातार तालमेल बनाए हुए है।"

भारत ने की जहाज पर हमले की निंदा 

भारत ने बुधवार 10 जून को अमेरिकी दूतावास के अधिकारी को तलब किया था। इस दौरान ओमान के तट के पास भारतीय चालक दल के सदस्यों वाले एक कमर्शियल पोत पर अमेरिकी हमले को लेकर कड़ा विरोध दर्ज कराया था।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने गुरुवार को कहा, "पिछले कुछ दिनों में पश्चिम एशिया में भारतीय नाविकों से जुड़ी कई घटनाएं हुई हैं। हम अपने नाविक समुदाय की भलाई और सुरक्षा को बहुत महत्व देते हैं। इस बात को फिर से दोहराने की जरूरत नहीं है। कल, हमने ओमान के तट के पास एक जहाज़ पर हुए हमले की निंदा की, जिसमें दुर्भाग्य से तीन भारतीय नागरिक मारे गए।"

उन्होंने आगे कहा, "हमने कड़ा विरोध दर्ज कराने के लिए यहां अमेरिकी CDA को तलब किया था। इस इलाके में जहाजों पर लगातार हो रहे हमले बहुत चिंताजनक हैं और ये इलाके में चल रहे संघर्ष का सीधा नतीजा है। इन हमलों को तुरंत बंद होना चाहिए। हम बातचीत और कूटनीति का भी आह्वान करते हैं ताकि इलाके में जल्द से जल्द शांति और स्थिरता लौट सके।"

कमर्शियल पोत सेटेबेलो पर यह हमला तब हुआ, जब इसके दो दिन पहले ही पलाऊ के झंडे वाले एक जहाज पर अमेरिकी नौसेना ने हमला किया था। इसमें 24 भारतीय सवार थे। यह जहाज ईरानी बंदरगाहों की अमेरिकी नाकेबंदी से बचने की कोशिश कर रहा था।

अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने हमले की बात स्वीकार करते हुए कहा कि यह जहाज ईरान से तेल ले जाने की कोशिश कर रहा था और इस तरह ईरानी बंदरगाहों पर लागू अमेरिकी नाकेबंदी का उल्लंघन कर रहा था।

जहाज पर हमले के बाद 21 क्रू सदस्यों को बचा लिया गया। जबकि लापता हुए तीन जवानों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। सेटेबेलो पर हमले की यह घटना 'मैरीवेक्स' नाम के जहाज पर हुए हमले के ठीक दो दिन बाद हुई है। अमेरिका ने पिछले तीन दिनों में दो भारतीय जहाजों पर हमला किया है।

अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने हमले की बात स्वीकार करते हुए कहा कि यह जहाज ईरान से तेल ले जाने की कोशिश कर रहा था। उसने कहा कि इस तरह ईरानी बंदरगाहों पर लागू अमेरिकी नाकेबंदी का उल्लंघन कर रहा था।

ये भी पढ़ें- US-Iran War updates: अमेरिका का ईरान पर फिर भीषण हमला! कई शहरों पर हैवी एयर स्ट्राइक, होर्मुज स्ट्रेट फिर बंद

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।