US-Iran War: मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच जारी भीषण मिसाइल युद्ध और भारी तनाव के बीच एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई से मुलाकात करने की इच्छा जताई है। ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि दोनों देशों के बीच जारी इस खूनी संघर्ष को खत्म करने के लिए आने वाले समय में दोनों नेताओं के बीच आमने-सामने सीधी बातचीत हो सकती है।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब बुधवार को ही खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी सेना और ईरानी ताकतों के बीच भीषण हमले हुए हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में तीसरे विश्व युद्ध का खतरा मंडराने लगा है।
'न्यूयॉर्क पोस्ट' के इंटरव्यू में ट्रंप ने क्या कहा?
बुधवार को प्रकाशित 'न्यूयॉर्क पोस्ट' को दिए एक खास इंटरव्यू में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान संकट पर खुलकर बात की। मोजतबा खामेनेई से बातचीत की संभावनाओं पर ट्रंप ने कहा, 'मैं उनसे मिलना चाहूंगा, और चीजें आगे कैसे बढ़ती हैं, इस आधार पर हम शायद भविष्य में किसी मोड़ पर जरूर मिलेंगे'। हालांकि समंदर में दोनों देशों की सेनाएं एक-दूसरे पर मिसाइलें बरसा रही हैं, लेकिन ट्रंप के इस बयान से कूटनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
खामेनेई की सेहत पर ट्रंप का तंज
ईरान के सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई पिछले काफी समय से जनता के सामने नहीं आए हैं और उनकी खराब सेहत को लेकर दुनिया भर में कई तरह की अफवाहें उड़ रही हैं। इंटरव्यू के दौरान ट्रंप ने इस पर चुटकी लेते हुए कहा, 'मुझे अभी तक उनसे मिलने का सौभाग्य नहीं मिला है... लेकिन अगर आप चल रही खबरों पर यकीन करें, तो उनके शरीर के कई अलग-अलग हिस्से गायब हैं'।
इसके बावजूद, ट्रंप ने माना कि ईरान के सभी बड़े फैसलों में खामेनेई का ही सिक्का चलता है। ट्रंप ने कहा, 'लोग कहते हैं कि ईरान में हर बात को मंजूरी वही दे रहे हैं, क्योंकि वहां लंबे समय से यही व्यवस्था चली आ रही है। पहले उनके पिता और अब वह, मुझे लगता है कि यह उत्तराधिकार की तरह है। लेकिन इसके बाद भी ऐसा लग रहा है कि हमारे बीच चीजें काफी हद तक ठीक चल रही हैं'।
28 फरवरी को पिता की मौत के बाद संभाली थी गद्दी
56 वर्षीय मोजतबा खामेनेई ने इसी साल ईरान के सर्वोच्च नेता का पद संभाला है। दरअसल, 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजराइल के भीषण हवाई हमलों की पहली लहर में उनके पिता अली खामेनेई मारे गए थे। उस हमले के बाद ही यह विनाशकारी युद्ध शुरू हुआ था, जिसने पूरे मिडिल ईस्ट को दहला दिया है और वैश्विक तेल बाजार को संकट में डाल दिया है।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने खामेनेई पर कही ये बड़ी बात
ट्रंप के इस बयान से ठीक एक दिन पहले अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी अमेरिकी संसद में खामेनेई को लेकर बड़ा दावा किया था। मंगलवार को सीनेट की विदेश मामलों की समिति के सामने बोलते हुए रुबियो ने कहा था कि मोजतबा खामेनेई पूरी तरह जिंदा हैं और पर्दे के पीछे से देश के मामलों में लगातार सक्रिय हो रहे हैं।
रुबियो ने सीनेटरों को बताया, 'हमारे पास ऐसे संकेत हैं जो बताते हैं कि ईरानी नेता पर्दे के पीछे से सरकार और सैन्य फैसलों में काफी ज्यादा शामिल हो रहे हैं'।