JN.1 Variant: कोरोना वायरस के नए सब वैरिएंट से पूरी दुनिया की टेंशन एक बार फिर से बढ़ गई है। इस मामले में विश्व स्वास्थ्य संगठन (World Health Organisation – WHO) ने एक बयान जारी किया है। WHO ने कोविड-19 के नए सब-वैरिएंट जेएन.1 को 'वैरिएंट ऑफ इंटरेस्ट' (variant of interest) के रूप में क्लासिफाइड किया है। वहीं ये भी कहा है कि यह सेहत के लिए ज्यादा खतरनाक नहीं है। JN.1 को पहले इसके मूल वंश BA.2.86 के एक हिस्से के रूप में वैरिएंट के तौर पर वर्गीकृत किया गया था।
WHO का कहना है कि अभी तक मिले मामलों और स्थिति को देखते हुए JN.1 स्वास्थ्य के लिए खतरनाक नहीं है। मौजूदा समय में जो वैक्सीन लगाई जा रही है। वो इसमें कारगार है।
WHO इस मामले में लगातार अपनी निगरानी कर रहा है। WHO ने लोगों के लिए एडवाइजरी भी जारी की है। इसमें कहा गया है कि लोग भीड़-भाड़ वाले, बंद या खराब हवा वाले इलाकों में मास्क पहनें। इसके साथ ही जहां तक संभव हो दूसरों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें। WHO ने यह भी कहा कि इससे लोगों को ज्यादा खतरा नहीं है। सर्दियों का मौसम शुरू होते ही इसके तेजी से फैलने के आसार बढ़ गए हैं। WHO ने स्वास्थ्य कर्मियों और मेडिकल संबंधित सर्विसेज में लगे लोगों के लिए एडवाइजरी जारी की है। इसमें कहा गया है कि स्वास्थ्य कर्मी मास्क का उपयोग जरूर करें। पीपीई किट पहनकर ही कोविड पॉजिटिव मरीजों का इलाज करें। इसके साथ ही वेंटिलेटर सुविधाओं को बेहतर रखें।
केरल में 115 नए मामले दर्ज
केरल स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ोंके मुताबिक, केरल में पिछले 24 घंटों में 115 नए मामले दर्ज किए हए हैं। जिससे राज्य में एक्टिव मरीजों की संख्या बढ़कर 1,749 हो गई है। मंत्रालय की वेबसाइट से मिली जानकारी के मुताबिक, मंगलवार को सुबह 8 बजे तक 142 मामले थे। जिसमें 115 नए मामले जुड़ गए हैं। पिछले 24 घंटे में कोरोना संक्रमण से किसी की भी मौत की खबर सामने नहीं आई है। पिछले 24 घंटे में 112 लोग ठीक हुए हैं। केरल की स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री वीना जॉर्ज ने एक बयान में कहा कि कोरोना के बढ़ते मामलों को लेकर चिंता करने की कोई बात नहीं है। कोरोना वायरस से निपटने के लिए राज्य पूरी तरह से तैयार है।
भारत में सामने आ चुका है जेएम.1 का मामला
बता दें कि 8 दिसंबर को भारत में भी JN.1 वैरिएंट का पहला मामला सामने आया था। केरल में एक 79 वर्षीय महिला इससे संक्रमित हुई थी। इस मामले के सामने आने पर केरल समेत पड़ोसी राज्य अलर्ट हो गए थे। वहीं 18 दिसंबर को केंद्र सरकार ने कोरोना की स्थिति पर निगरानी रखने और अलर्ट रहने से संबंधित सलाह राज्यों के लिए जारी की थी।