UP Board Result 2026: यूपी बोर्ड से 10वीं और 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा देने वाले छात्रों के लिए काउंटडाउन शुरू हो चुका है। बोर्ड आज शाम 4 बजे दोनों कक्षाओं के छात्रों का परीक्षा परिणाम जारी कर देगा। परिणाम जारी होने के बाद ढेरों छात्र जहां राहत की सांस लेंगे, वहीं कई छात्र ऐसे भी होंगे जिन्हें मायूसी हाथ लगेगी। लेकिन एक या दो विषयों में फेल होने वाले या कम नंबर पाने वाले छात्रों को परेशान या हताश होने की जरूरत बिलकुल नहीं है। बोर्ड ऐसे छात्रों को कंपार्टमेंट और इंप्रूवमेंट परीक्षा के जरिए अपने नंबर सुधार और साल बचाने का मौका देता है।
12वीं कक्षा के छात्र दे सकेंगे इंप्रूवमेंट परीक्षा
अब तो यह कंपार्टमेंट और इंप्रूवमेंट की सुविधा यूपी बोर्ड के 12वीं कक्षा के छात्रों के लिए भी शुरू कर दी गई है। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) वर्तमान शैक्षिक सत्र 2025-26 के 12वीं कक्षा के छात्रों को किसी एक विषय में अपने नंबरों में सुधार करने के लिए इंप्रूवमेंट परीक्षा देने का अवसर देगा। अब तक यूपी बोर्ड के पास इंटरमीडिएट के छात्र एक सब्जेक्ट में फेल होने पर उसी खास पेपर की परीक्षा दोबारा दे सकते हैं। बोर्ड ने 2020 में इंटरमीडिएट के लिए कम्पार्टमेंट सिस्टम शुरू किया था। लेकिन इस साल से इन्हें इंप्रूवमेंट परीक्षा की सुविधा भी दी जाएगी। यूपी बोर्ड परीक्षा परिणाम घोषित होने के बाद इसके लिए आवेदन शुरू कर सकता है।
10वीं छात्रों को 2020 से मिल रही ये सुविधा
यूपी बोर्ड परिषद के इस कदम से 12वीं कक्षा में पंजीकृत 25,76,082 छात्र-छात्राओं को बड़ा़ लाभ मिल सकता है। यूपी बोर्ड से हाईस्कूल (10वीं) के छात्रों को 2020 से मिलती है कंपार्टमेंट और इंप्रूवमेंट परीक्षा देने की सुविधा। देश के प्रमुख केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) और काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (CISCE) में भी 10वीं और 12वीं कक्षा के छात्रों को कंपार्टमेंट और इंप्रूवमेंट परीक्षा देने की सुविधा है।
अगर छात्रों को लगता है कि उनके नंबर अपेक्षा से कम आए हैं या मूल्यांकन में कोई गलती हुई है, तो वे अपनी उत्तर पुस्तिकाओं की रीचेकिंग या री-एवैल्यूएशन के लिए आवेदन कर सकते हैं। इससे अंकों में सुधार की संभावना रहती है।
एक या दो विषयों में फेल छात्र कंपार्टमेंट परीक्षा दे सकता है। इसमें उन्हीं विषयों की दोबारा परीक्षा देकर पास होने का अवसर मिलता है और साल भी बच जाता है। ये परीक्षाएं जुलाई में होती हैं। इंप्रूवमेंट परीक्षा के जरिए छात्र अपने नंबर किसी एक विषय में सुधारने का विकल्प चुन सकते हैं।