West Bengal Election 2026: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के एक कार्डियोलॉजिस्ट ने अपने मरीजों को एक ऐसा ऑफर दिया है जिसे लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। उन्होंने अपने क्लिनिक में आने वाले उन मरीजों को कंसल्टेशन फीस में भारी छूट देने की पेशकश की है, जो 'जय श्री राम' का नारा लगाते हैं। डॉक्टर पीके हाजरा ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया है जिसमें उन्होंने कहा है कि जो भी व्यक्ति उनसे सलाह लेने आएगा और 'जय श्री राम' बोलेगा उसे तुरंत 500 रुपये की छूट मिलेगी।
पश्चिम बंगाल में चल रहे चुनावी माहौल के बीच इस कदम पर राजनीतिक पार्टियों की ओर से तीखी प्रतिक्रियाएं आई हैं। News 18 की एक रिपोर्ट के अनुसार, इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. पी.के. हाजरा ने कहा कि उनके निजी चैंबर में आने वाले मरीजों को 500 रुपये की छूट मिलेगी। बशर्ते वे जय श्री राम का नारा लगाएं।
इस पेशकश को उनके क्लिनिक में लगे एक पोस्टर के जरिए बताया गया है। इसे सोशल मीडिया पर भी शेयर किया गया है। यह ऑफर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई। फिर कुछ ही समय में इसने बड़ी संख्या में लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा।
अपने फैसले के बारे में बताते हुए डॉक्टर हाजरा ने PTI को बताया कि यह पहल उनका निजी विचार था। इसका मकसद राज्य की स्वास्थ्य सेवा में बदलाव को बढ़ावा देना था। उन्होंने इस बात पर चिंता जताई कि पश्चिम बंगाल के कई मरीज इलाज के लिए दूसरे राज्यों में जाते हैं। उन्होंने कहा कि वह स्थानीय स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सेवा मानकों को बढ़ावा देना चाहते हैं।
PTI से बात करते हुए हाजरा ने कहा, "यह पूरी तरह से मेरा अपना विचार है। एक डॉक्टर के तौर पर पिछले कई सालों में मुझे अपने कई मरीजों से यह सवाल सुनने को मिला है कि उन्हें इलाज के लिए दूसरे राज्यों में क्यों जाना पड़ता है। जब भी मैं बंगाल के मरीजों को असम, ओडिशा या दक्षिण भारत जाते हुए देखता हूं तो मुझे बहुत बुरा लगता है। मुझे लगता है कि इस चलन में बदलाव की ज़रूरत है। यही वजह है कि मेरे मन में यह विचार आया।"
डॉक्टर पी.के. हाजरा ने न्यूज एजेंसी IANS से कहा, "मैं लंबे समय से मरीजों का मुफ्त इलाज कर रहा हूं। मेरा हमेशा से यह इरादा रहा है कि मैं मानसिक तौर पर BJP का समर्थन करूं। मेरा मानना है कि मुझे उनका समर्थन करना चाहिए। इसमें कुछ भी अनैतिक या राजनीतिक नारेबाजी जैसा नहीं है। यह पूरी तरह से एक सेवा-भाव वाली पहल है।"
उन्होंने आगे कहा, "मेरे क्लिनिक में (अस्पताल में नहीं) मेरी कंसल्टेशन फीस पहले ₹2000 थी। सबसे पहले, मैंने चुनावों से पहले लोगों की मदद करने के लिए इसे घटाकर ₹1500 कर दिया था। कल मैंने इसे और कम करने का फैसला किया। अब, जो कोई भी ऐसा करेगा, उससे कंसल्टेशन के लिए ₹1000 लिए जाएंगे।"
News18 की रिपोर्ट के अनुसार, डॉक्टर ने यह भी साफ किया कि यह छूट केवल उनके निजी क्लिनिक में होने वाले कंसल्टेशन पर लागू होती है, न कि उस अस्पताल में जहां वह काम करते हैं। हालांकि उन्होंने किसी भी राजनीतिक पार्टी से औपचारिक रूप से जुड़े होने से इनकार किया। लेकिन उन्होंने BJP शासित राज्यों में हुए विकास की तारीफ की। उन्होंने कहा, "मैं सीधे तौर पर BJP से जुड़ा हुआ नहीं हूं। लेकिन मैं जिस तरह से उनके शासन वाले दूसरे राज्यों ने तरक्की की है, उसकी तारीफ करता हूं।"
डॉक्टर की इस घोषणा पर सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने तीखी आलोचना की है। TMC के वरिष्ठ नेता डॉ. निर्मल माझी ने आरोप लगाया कि हाजरा BJP की नजरों में अच्छा बनने और राजनीतिक फायदे हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं। CNN News 18 के मुताबिक, माझी ने कहा कि यह कदम भगवा पार्टी की नजरों में अच्छा बनने और अपने निजी हितों की रक्षा करने की एक कोशिश है।
डॉक्टर ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि उन्हें पिंगला से BJP का टिकट मिलेगा। पिंगला पश्चिम मेदिनीपुर जिले में स्थित है। यह उनका गृह नगर है। रिपोर्ट के अनुसार, कुछ BJP नेताओं ने इस पहल का स्वागत किया है। उन्होंने इसे राज्य में बदलाव की जरूरत का संकेत बताया है। इस घटना ने पहले से ही गरमाए राजनीतिक माहौल को और तेज कर दिया है। पश्चिम बंगाल इस महीने के आखिर में विधानसभा चुनावों होना है।