बॉलीवुड अभिनेत्री अमीषा पटेल एक बार फिर कानूनी मुश्किलों में फंस गई हैं। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद कोर्ट ने 2017 के एक धोखाधड़ी मामले में उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी कर दिया है। यह मामला एक शादी के इवेंट के लिए एडवांस पैसे लेने के बाद प्रदर्शन न करने से जुड़ा है, जिससे अब अभिनेत्री की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
मामला 2017 का है, जब मुरादाबाद के निवासी पवन कुमार वर्मा, जो ड्रीम विजन इवेंट मैनेजमेंट कंपनी चलाते हैं, ने अमीषा को एक शादी समारोह में परफॉर्म करने के लिए बुलाया था। अमीषा ने अपनी मूल फीस 11 लाख रुपये मांगी, जो पवन ने एडवांस दे दी। लेकिन शादी के दिन अमीषा दिल्ली पहुंचीं और आने के लिए अतिरिक्त 2 लाख रुपये की मांग करने लगीं। पवन के इनकार पर वे बिना बताए लौट गईं और न पैसा लौटाया। इससे नाराज पवन ने धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया।
कोर्ट ने अमीषा पर आईपीसी की धारा 120बी (आपराधिक साजिश), 406 (आपराधिक विश्वासघात), 420 (धोखाधड़ी), 504 (जबरदस्ती) और 506 (धमकी) लगाई हैं। इसके अलावा, उन्होंने 2 लाख का चेक दिया था जो बाउंस हो गया। 2026 में कोर्ट ने उनकी पेशी का आदेश दिया, लेकिन अमीषा बार-बार कोर्ट में हाजिर नहीं हुईं। परिणामस्वरूप, जज ने गैर-जमानती वारंट जारी कर दिया। मामले में उनके अलावा अहमद शरीफ, राजकुमार गोस्वामी और सुरेश कुमार भी आरोपी हैं।
यह पहली बार नहीं है जब अमीषा पर ऐसा आरोप लगा हो। 2018 में झारखंड के एक प्रोड्यूसर ने उनकी अधूरी फिल्म 'देसी मैजिक' के लिए 2.5 करोड़ रुपये दिए थे, लेकिन फिल्म पूरी नहीं हुई। आखिरकार 2024 में अमीषा ने पूरा पैसा लौटा दिया और मामला निपट गया। अब यह नया विवाद उनके करियर पर सवाल खड़े कर रहा है।
फिलहाल अमीषा की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। बॉलीवुड में कॉमेडी और रोमांस से भरी फिल्मों जैसे 'गदर' और 'हमला' से पहचानी जाने वाली अमीषा अब इस कानूनी पचड़े में उलझी हैं। इवेंट मैनेजर पवन का कहना है कि उन्होंने पूरा भुगतान किया था, लेकिन अमीषा ने वादा पूरा नहीं किया। कोर्ट के इस फैसले से अब अभिनेत्री को सरेंडर करना पड़ सकता है। हाल ही में राजपाल यादव को भी चेक बाउंस मामले में अंतरिम जमानत मिली थी, जो बॉलीवुड में ऐसे मामलों की बढ़ती संख्या को दर्शाता है।