जी सिने अवॉर्ड्स 2026 में कृति सेनन ने फिल्म 'तेरे इश्क में' के लिए बेस्ट एक्ट्रेस का खिताब जीतकर सबको चौंका दिया। मुंबई में धूमधाम से हुए इस समारोह में कृति ने ट्रॉफी हाथ में लेते ही इंस्टाग्राम पर खुशी जाहिर की, लेकिन सोशल मीडिया पर विवाद भड़क गया। नेटिजंस का एक बड़ा वर्ग इसे 'गलत फैसला' बता रहा है और यामी गौतम को असली हकदार ठहरा रहा है। यह बहस बॉलीवुड अवॉर्ड्स की विश्वसनीयता पर सवाल खड़ी कर रही है।
कृति को यामी गौतम ('हक'), कंगना रनौत ('इमरजेंसी'), तृप्ति डिमरी, सोनम बाजवा और अनीत पड्डा जैसे दिग्गजों के बीच चुना गया। रेडिट और एक्स पर फैंस भड़क उठे। एक यूजर ने लिखा, "यामी का कोर्ट मोनोलॉग कृति के पूरे करियर से बेहतर था।" दूसरे ने कहा, "यामी या कंगना को मिलना चाहिए था, कृति तो अच्छी हैं लेकिन ये अवॉर्ड डिजर्व नहीं। करती हैं" कईयों ने तंज कसा कि "जो समारोह में पहुंची, वही जीत गई।" यामी की 'हक' में शाजिया बानो का रोल क्रिटिक्स की पसंद बना, जहां उन्होंने इमोशनल डेप्थ दिखाई। कृति की परफॉर्मेंस को 'ओके' तो कहा, लेकिन यामी के मुकाबले कमजोर माना।
यह विवाद अवॉर्ड शोज की पुरानी बीमारी को फिर उजागर कर रहा है। दर्शकों की चॉइस और जूरी के फैसले अक्सर टकराते हैं। कृति ने 2025 में 'तेरे इश्क में' से कमबैक किया था, जो रोमांटिक ड्रामा था। लेकिन 'हक' जैसी इंटेंस कोर्टरूम थ्रिलर ने ऑनलाइन हाइप बनाया। कुछ ने कंगना को भी सपोर्ट किया, जिनकी 'इमरजेंसी' में इंदिरा गांधी का रोल चर्चित रहा। कृति के समर्थक कहते हैं कि अवॉर्ड्स सब्जेक्टिव होते हैं, लेकिन बहुमत यामी के पक्ष में है।
कृति का सफर चुनौतीपूर्ण रहा। 'मिमी' के लिए नेशनल अवॉर्ड जीत चुकी हैं, लेकिन बड़े अवॉर्ड्स में किस्मत आजमाती रहीं। यामी का संघर्ष भी जाना-माना है, छोटे रोल से 'अठरां' तक पहुंचीं। यह विवाद साबित करता है कि सिनेमा में फैंस की राय जूरी से ऊपर उठती है। जी सिने अवॉर्ड्स ने अभी सफाई नहीं दी, लेकिन बहस थमने का नाम नहीं ले रही। क्या ये फैसला सही था? दर्शक खुद जज कर रहे हैं। बॉलीवुड में प्रतिभा की होड़ बढ़ रही, और सोशल मीडिया इसकी निगरानी कर रहा।