Navratri Special: अभिनेत्री श्वेता त्रिपाठी नवरात्रि के त्योहार को लेकर बेहद उत्साहित हैं!, जिसकी शुरुआत आज से हो चुकी है। नौ दिनों का यह त्योहार न केवल अभिनेत्री को हल्का वेज खाना करने का ही नहीं, बल्कि टेस्टी हलवा पूरी और चने का लुत्फ़ उठाने का भी मौका देता है।
पुरानी यादों को ताजा करते हुए श्वेता बताती हैं कि मैं एक कॉलोनी में पली-बढ़ी हूं। हर रोज़ हम कंजक खाने घर-घर जाया करते थे। कुछ घर में तो पैसे भी देते थे। सोचिए, खाना और पैसे मिलना कितना हैप्पी फील कराता था! बचपन में यह कितना मजेदार होता था!
जब उनसे पूछा गया कि क्या वह भी कई अन्य लोगों की तरह पेसेंस रखती हैं, तो श्वेता ने कहा, “जी हां, बिल्कुल। मैंने नॉनवेज बहुत कम कर दिया है। दरअसल, कुछ समय पहले मैं ढाई साल तक वेजिटेरियन थी, लेकिन इन नौ दिनों में मैं बिल्कुल नहीं भी नहीं खाती हूं।”
श्वेता त्रिपाठी ने फिल्म 'मिर्ज़ापुर' की शूटिंग के बारे में खुलकर बात की। उन्होंने कहा कि यह एक नया चैप्टर है। उन्होंने आगे कहा, “हमारे जो भी रीति-रिवाज हैं, वे किसी कारण से होते हैं और मुझे लगता है कि यह जानना बहुत ज़रूरी है। अभी मौसम बदल रहा है और हल्का खाना हमारे लिए अच्छा है।
चाहे व्रत हो या खाना, ये सारी अच्छी आदतें हैं, लेकिन हमें बचपन में कोई समझ नहीं आता। मुझे कंजाके का खाना बहुत पसंद है, हलवा पूरी, चने। ये मैं आज भी खाती हूं, मुझे ये बहुत पसंद हैं। मेरे कुछ दोस्त हैं, जिनकी बहुत प्यारी बेटियां हैं, तो मैं उनके साथ उनका जन्मदिन मनाने जाती हूं।”
अभिनेत्री का विश्वास है कि देवी मां की पूजा के अलावा, उनके भावों और शिक्षाओं से जुड़ना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। श्वेता कहती हैं कि मुझे लगता है कि हम सभी के दिल में एक देवी निवास करती हैं और हमें बस उस ऊर्जा को सही दिशा देने की आवश्यकता है। मेरा ऑफिस बहुत सुंदर है, जो पुस्तकों और काली मां, सरस्वती मां, दुर्गा मां की मूर्तियों से भरा हुआ है। मुझे लगता है कि यह जानना बहुत ज़रूरी है कि वे किस बात का प्रतीक हैं और उन ऊर्जाओं को अपने भीतर जागृत करना चाहिए, क्योंकि हमारे भीतर अपार शक्ति है। नवरात्रि में, मुझे लगता है कि मुझे रीति-रिवाज और परंपराएं बहुत पसंद हैं।