Rajpal Yadav Case: बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव 9 करोड़ रुपये के कर्ज और चेक बाउंस केस में तिहाड़ जेल में बंद हैं। कई बॉलीवुड हस्तियों ने आगे आकर राजपाल की मदद के लिए हाथ बढ़ाया है। उन्हें कुछ पैसे देने का भी ऐलान किया है। राजपाल यादव ने चेक बाउंस मामले में 5 फरवरी को दिल्ली स्थित तिहाड़ जेल के अधिकारियों के समक्ष सरेंडर कर दिया। सरेंडर करने से पहले एक्टर ने एक इमोशनल बयान दिया। इसमें उन्होंने बताया कि उन्हें बहुत पैसे की दिक्कत हो रही है। इस मुश्किल समय में उनके पास भरोसा करने के लिए कोई नहीं था।
इसके तुरंत बाद एक्टर सोनू सूद ने उन्हें आने वाली फिल्म में एक रोल और मामूली साइनिंग अमाउंट देकर सपोर्ट किया। इसके बाद, म्यूजिक प्रोड्यूसर राव इंद्रजीत सिंह यादव समेत कई और लोग मदद के लिए आगे आए। अभिनेता सोनू सूद, राजनेता तेजप्रताप यादव के बाद म्यूजिक प्रोड्यूसर एवं जेम ट्यून्स म्यूजिक के मालिक राव इंद्रजीत सिंह यादव ने उन्हें 1.11 करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता दी है।
इंद्रजीत सिंह यादव ने इस मदद पर कहा, "राजपाल ने दर्शकों को बहुत खुशी दी है। वह भारतीय सिनेमा का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। यह सपोर्ट सिर्फ पैसे का नहीं, बल्कि जरूरत के समय किसी साथी इंसान के साथ खड़े होने का है। हमारी इंडस्ट्री एक परिवार है। परिवार मुश्किल वक्त में साथ देता है।"
उन्होंने इंस्टाग्राम पर किए एक पोस्ट में कहा, "सोशल मीडिया के माध्यम से हमें राजपाल यादव की पीड़ा और वेदना के बारे में जानकारी मिली। यह जानकर मन व्यथित हुआ। राजपाल यादव न सिर्फ एक महान कलाकार हैं, बल्कि एक अच्छे इंसान भी हैं। ऐसे कठिन और दुखद समय में हम सभी का कर्तव्य बनता है कि हम मानवता के नाते उनके और उनके परिवार के साथ खड़े हों। मैं जेम ट्यून्स फैमिली की ओर से राजपाल भाई को एक करोड़ 11 लाख रुपए की सहायता प्रदान कर रहा हूं।"
उन्होंने आगे कहा, "मैं समस्त भारतवासियों से भी अपील करता हूं कि इस दुख की घड़ी में आगे आकर उनकी यथासंभव सहायता करें और उनके परिवार को संबल दें।" राजपाल यादव 'भूल भुलैया', 'हंगामा' समेत कई सफल फिल्मों में अपनी कॉमेडी और यादगार भूमिकाओं के साथ दर्शकों का मनोरंजन कर चुके हैं। उनकी ऑन-स्क्रीन सफलता के बावजूद, पर्सनल लाइफ में उन्हें गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
कौन हैं राव इंद्रजीत सिंह यादव?
राव इंद्रजीत सिंह यादव एक म्यूजिक प्रोड्यूसर और म्यूजिक लेबल जेम ट्यून्स के फाउंडर हैं। 2006 में शुरू हुए इस लेबल ने कई पॉपुलर हरियाणवी और पंजाबी गानों को सपोर्ट किया है। इसके हरियाणवी YouTube चैनल पर 4 मिलियन से अधिक सब्सक्राइबर हैं। इनके पंजाबी चैनल पर तीन मिलियन से ज्यादा फॉलोअर्स हैं।
जेम ट्यून्स पंजाबी, राजस्थानी, भक्ति, हरियाणवी और गजल जैसे कई जॉनर-स्पेसिफिक चैनल भी चलाता है। लेबल ने हाल ही में अपनी YouTube सीरीज स्टोन पेपर सिजर के साथ ओरिजिनल डिजिटल कंटेंट में विस्तार किया है। इसमें कंटेंट क्रिएटर श्रेया कालरा हैं। इसके अलावा, शहनाज गिल के भाई और बिग बॉस 19 फेम शहबाज बदेशा ने जेम ट्यून्स के गाने फेम देख से अपना सिंगिंग डेब्यू किया है। पंजाबी सिंगर अखिल के पॉपुलर ट्रैक सुपने को भी लेबल ने सपोर्ट किया है।
राजपाल यादव का क्या है पूरा मामला?
यह मामला साल 2010 का है, जब राजपाल यादव और उनकी पत्नी ने अपनी डायरेक्टोरियल फिल्म 'अता पता लापता' के लिए दिल्ली की एक कंपनी से लगभग 5 करोड़ रुपये का लोन लिया था। हालांकि, फिल्म फ्लॉप होने के बाद लोन चुकाने में दिक्कत हुई। कर्ज के बदले जारी कई चेक बाउंस हो गए। इसके कारण नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ।
ब्याज और पेनल्टी के साथ बकाया राशि बढ़कर करीब 9 करोड़ रुपये हो गई। दिल्ली हाईकोर्ट ने कई बार डेडलाइन बढ़ाई और एक्सटेंशन दिए। लेकिन राजपाल यादव बार-बार भुगतान में असफल रहे। हाल ही में कोर्ट ने कोई और राहत देने से इनकार करते हुए उन्हें छह महीने की सजा काटने के लिए तिहाड़ जेल में सरेंडर करने का आदेश दिया।
यादव ने सरेंडर करने से पहले 'बॉलीवुड हंगामा' से कहा था कि उनके पास बकाया राशि चुकाने के लिए पैसे या अन्य कोई साधन नहीं हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्होंने अपने सहकर्मियों से मदद ली, तो अभिनेता ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में हर कोई अकेला है।